अभिभावकों का आरोप है कि पेयजल जैसी जरूरी सुविधाएं नहीं थी उपलब्ध
संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियों के बीच नूंह पुलिस लाइन में हुई फुल ड्रेस फाइनल रिहर्सल में कई बच्चों की सेहत खराब हो गई। तेज धूप और उमस के बीच सुबह करीब 7 बजे से दोपहर 12 बजे तक विभिन्न स्कूलों के बच्चे रिहर्सल में जुटे रहे। अभिभावकों का आरोप है कि छाया और पेयजल जैसी जरूरी सुविधाओं के अभाव में कई बच्चे चक्कर खाकर गिर गए, जबकि कुछ को उल्टी भी हुई।
रिहर्सल के दौरान बच्चे लगातार धूप में कार्यक्रमों की तैयारी करते नजर आए। अभिभावकों के अनुसार, बच्चों की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्होंने स्कूल प्रबंधन और स्टाफ से उन्हें रिहर्सल से हटाने की मांग की, लेकिन उनकी शिकायतों को गंभीरता से नहीं लिया गया। आरोप है कि बच्चों की सेहत से अधिक कार्यक्रम की तैयारी को प्राथमिकता दी गई।
अभिभावकों की बात की अनसुनी
नूंह निवासी अभिभावक नैना माथुर ने आरोप लगाया कि उनके बच्चे को रिहर्सल के दौरान चक्कर आने पर उन्होंने डीएवी स्कूल प्रबंधन से संपर्क किया, लेकिन उनकी बात अनसुनी कर दी गई। उनका कहना है कि बच्चों को कार्यक्रम में लगाए रखने पर जोर दिया गया। महिला ने आरोप लगाया उनकी बेटी को लगातार समस्या हो रही थी, इस पर जब उन्होंने उनकी कक्षा अध्यापक से बात की तो उन्होंने भी ऊपर से आदेश होने की बात कहकर अपनी मजबूरी जाहिर की।
बच्चों ने भी बताया कि तेज धूप से बचने के लिए पर्याप्त छाया और बेहतर पेयजल की व्यवस्था नहीं थी। गर्मी और उमस के कारण उन्हें काफी परेशानी हुई। कुछ बच्चों ने तबीयत खराब होने के कारण रिहर्सल में शामिल होने से मना भी किया, लेकिन उनकी बात नहीं मानी गई।
डीएवी पुलिस पब्लिक स्कूल के प्रधानाचार्य बलवंत बिश्नोई ने कहा कि प्रशासन का जैसा आदेश होगा, उसकी पालना करनी पड़ेगी। वहीं, उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि फाइनल रिहर्सल के दौरान बच्चों के लिए वाशरूम व अन्य सुविधाएं उपलब्ध नहीं थी।