अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। राउज एवेन्यू कोर्ट ने सोमवार को नीट यूजी पेपर लीक मामले में सीबीआई की याचिका स्वीकार कर ली। कोर्ट ने तीन मुख्य आरोपियों से जेल में पूछताछ करने की अनुमति दे दी। ड्यूटी जज सुरेंद्र मोहित सिंह ने सीबीआई की याचिका पर सुनवाई करते हुए इन्हें मुख्य षड्यंत्रकारी बताया। याचिका में कहा गया कि मनिषा संजय वाघमारे, धनंजय निवृत्ति लोखंडे और शुभम माधुकर खैरनार ने पैसे के बदले परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र लीक करने और फैलाने में अहम भूमिका निभाई थी। एजेंसी को इनसे जरूरी जानकारी और स्पष्टीकरण हासिल करने के लिए पूछताछ की जरूरत है।
लोखंडे और खैरनार को 13 मई को गिरफ्तार किया गया था, जबकि वाघमारे को अगले दिन 14 मई को गिरफ्तार किया गया। तीनों को बाद में न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था। सूत्रों के अनुसार सीबीआई मनिषा वाघमारे से 17 जून, धनंजय लोखंडे से 18 जून और शुभम खैरनार से 19 जून को जेल में पूछताछ करेगी। इसी दौरान अदालत ने अन्य आरोपियों, यश यादव, मंगीलाल खटीक, विकास बिवाल, दिनेश बिवाल, धनंजय लोखंडे, मनिषा संजय हवलदार, मनोज शिरुरे, तेजस शाह और शुभम खैरनार की न्यायिक हिरासत 29 जून तक बढ़ा दी है। सभी आरोपियों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश किया गया।