प्राधिकरण के निलंबित चीफ इंजीनियर यादव सिंह मामले की जांच में जुटी सीबीआई ने बिजली निगम से उनके नोएडा स्थित दो घरों के बिलों का रिकार्ड तलब किया है। निगम अधिकारियों ने जानकारी भेजी थी, लेकिन डाक से जानकारी भेजने से सीबीआई ने सक्षम अधिकारी के साथ रिपोर्ट भेजने के लिए कहा। इसके बाद एसडीओ को रिपोर्ट लेकर भेजा गया।
बिजली निगम अधिकारियों के मुताबिक, 15 दिन पहले सीबीआई ने यादव सिंह के दो घरों के बिलों और बिल चेक या कैश किस प्रकार प्रकार देते थे, इसकी जानकारी मांगी थी। जब से दोनों घरों में कनेक्शन हैं, तभी से जानकारी मांगी गई थी। जितने रिकार्ड उपलब्ध थे, उसके हिसाब से डिटेल भेज दी गई।
यादव सिंह की बिजली निगम के डिवीजन-टू क्षेत्र में सेक्टर-51 व डिवीजन थ्री क्षेत्र में सेक्टर-27 में घर हैं। डाक से बिल के रिकार्ड सीबीआई को भेजे गए थे, लेकिन सीबीआई ने सक्षम अधिकारी के साथ जानकारी भेजने के लिए कहा। एक घर का बिल महीने में तीन से चार हजार रुपये था। वहीं, पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम के अधीक्षण अभियंता मुकुल सिंघल ने सीबीआई द्वारा यादव सिंह के घरों के बिजली बिल डिटेल मांगे जाने की पुष्टि की है।
बिजली निगम के अधिकारियों के मुताबिक, 2012 से बिजली बिल आदि जानकारियां ऑनलाइन हुई हैं। सेक्टर-27 स्थित घर के उससे पहले के कुछ रिकार्ड नहीं मिल सके थे, जो नहीं भेजे जा सके हैं।
यही हाल सेक्टर-51 स्थित कोठी के बिलों का भी है। 2010 से सभी रिकार्ड सीबीआई को भेज दिए गए हैं। उससे पहले के रिकार्ड ढूंढे गए, लेकिन मिल नहीं सके। उस समय का काफी स्टाफ भी बदल गया है और पुराने लेजर रिकार्ड व्यवस्थित करना भी मुश्किल होता है।