फीस बढ़ोतरी को लेकर स्कूल प्रबंधन और अभिभावकों के बीच चल रहे विवाद में हरियाणा स्कूल प्रोग्रेसिव कांफ्रेंस (एचपीएससी) भी कूद पड़ी है। एचपीएससी का कहना है कि एजुकेशन एक्ट के मुताबिक, यदि छात्र की फीस 20 तारीख तक जमा नहीं होती है तो 21वें दिन के बाद छात्र का नाम काटा जा सकता है।
बता दें कि फीस बढ़ोतरी को लेकर जिले के कई स्कूल प्रबंधनों के खिलाफ अभिभावकों ने मोर्चा खोला हुआ है। गत मंगलवार को नहरपार स्थित माडर्न डीपीएस स्कूल में अभिभावकों ने प्रिंसिपल और प्रबंधकों के खिलाफ खेड़ी पुल पुलिस चौकी में शिकायत की थी।
अभिभावकों कहना था कि उनके बच्चों को विद्यालय द्वारा प्रताड़ित किया जा रहा है। पुलिस चौकी पहुंचे अभिभावकों ने स्कूल संचालकों के खिलाफ ने नारेबाजी भी की थी। वहीं, एचपीएससी ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि अभिभावकों द्वारा स्कूल प्रबंधन पर बच्चों को प्रताड़ित करने के आरोप आधारहीन हैं। कुछ शरारती तत्वों के बहकावे में आकर पुलिस में झूठी शिकायत की गई है।
कोई भी स्कूल नियम से ज्यादा फीस नहीं बढ़ाता: गोंसाईं
हरियाणा प्रोग्रेसिव स्कूल कांफ्रेंस (एचपीएससी) के प्रदेश अध्यक्ष एसएस गोंसाई ने बताया कि कोई भी स्कूल नियम से ज्यादा फीस नहीं बढ़ाता और बिना फीस में बढ़ोतरी किए किसी भी स्कूल को नहीं चलाया जा सकता। सभी प्राईवेट स्कूल शिक्षा विभाग में जमा कराए गए फार्म-6 के तहत ही फीस ले रहे हैं।