एकेटीयू ने इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट कॉलेजों को नवंबर से विशेष शोध केंद्र (ई-रिसर्च लैब) का निर्माण शुरू करने का निर्देश दिया है। इस आधुनिकतम तकनीक से छात्रों को रोजगार, उद्यमियों की समस्याओं का निवारण और कॉलेजों की सीटें पूरी हो सकेंगी।
हर कॉलेज में शोध केंद्र स्थापित कराने के बाद उन्हें एकेटीयू से जोड़ा जाएगा। इसके बाद एकेटीयू के माध्यम से प्रदेश भर के कॉलेज आपस में इंटरनेट से जुड़ सकेंगे। ऐसे में किसी भी कॉलेज के छात्र दूसरे कॉलेज के छात्रों और प्रोफेसरों द्वारा किए गए शोध का लाभ उठा सकेंगे।
कुलपति प्रोफेसर विनय कुमार पाठक ने बताया कि ई-रिसर्च लैब बनने से प्रदेश भर के छात्रों का तकनीकी ज्ञान बढ़ेगा। सीनियर प्रोफेसरों से भी बच्चे शिक्षा ग्रहण कर सकेंगे।