डीएमआरसी फेज-4 के संशोधित प्रस्ताव को फिर से मंजूरी मिलने के बाद परिवहन विभाग केबिनेट नोट बनाने के लिए तैयार है। हालांकि, उसके पास अभी डीएमआरसी की ओर से फेज-4 की डीपीआर नहीं पहुंची है। परिवहन विभाग की ओर से प्रस्ताव के पास होने को लेकर सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं। हालांकि, प्रस्ताव पर दिल्ली सरकार की ओर से असमंजस बरकरार है।
सूत्रों के मुताबिक, डीएमआरसी फेज-4 की डीपीआर परिवहन विभाग के पास पहुंचते ही कैबिनेट नोट तैयार करने का काम शुरू हो जाएगा। चूंकि डीएमआरसी ने तीसरी बार फेज-4 के बजट में संशोधन कर डीपीआर तैयार कर रहा है, इसलिए परिवहन विभाग इन संशोधनों को लेकर सकारात्मक संकेत दे रहा है।
विभाग का कहना है कि फेज-4 की डीपीआर मिलने बाद इसके सभी कॉरिडोर पर दिल्ली वासियों को मिलने वाली सुविधाओं और खर्च का पुन: अवलोकन किया जाएगा। फेज-4 के सभी कॉरिडोर के रूट, जरूरत और राजस्व अर्जितता को लेकर भी रूपरेखा तैयार करेगा। इन्हीं पहलुओं के चलते इससे पहले प्रस्ताव में दिल्ली सरकार द्वारा फेज-4 के दो कॉरिडोर को नेगेटिव रिमार्क दिया गया था, जिनमें तुगलकाबाद-टर्मिनल-1 आईजीआई कॉरिडोर भी शामिल था। परिवहन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी की मानें तो डीएमआरसी फेज-4 को लेकर इस बार अड़चनें ना के बराबर ही रहने की संभावना है।
कब-कब बनी डीपीआर और बजट
-पहली डीपीआर अक्तूबर 2014- बजट 55,208 करोड़ रुपये
-दूसरी डीपीआर मई 2017 - अनुमानित बजट- 52.625 करोड़ रुपये।
-तीसरी डीपीआर दिसंबर 2018-- अनुमानित बजट- 46.885 करोड़ रुपये।