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नागरिकता कानून: दिल्ली में जगह-जगह प्रदर्शन, 350 से ज्यादा हिरासत में, यातायात प्रभावित

Sat, 28 Dec 2019 02:38 AM IST
प्राची प्रियम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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सीएए के खिलाफ प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला
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नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर (एनआरसी) के विरोध में शुक्रवार को दिल्ली के कई इलाकों में विरोध- प्रदर्शन हुआ। पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे करीब 250 से अधिक लोगों को अलग- अलग जगहों से हिरासत में लिया। पुलिस ने पहले ही सुरक्षा के कड़े इंतजाम कर रखे थे। सीलमपुर, वेलकम, मुस्तफाबाद समेत अनेक इलाकों में पुलिस की कई टुकड़ियों की तैनात की गई थी। 

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कई इलाकों में धारा-144 लागू

वहीं, राजधानी के कई इलाकों में धारा-144 लागू कर दी गई थी। बीते दिनों हुए हिंसक प्रदर्शन को देखते हुए अतिरिक्त सुरक्षा बलों की 15 कंपनियों की भी तैनाती की गई थी।  इसके अलावा पुलिस ने पूर्वी दिल्ली की गीता कॉलोनी से जामा मस्जिद की ओर जाने वाले मार्ग को बंद कर दिया था, जिसके चलते इलाके में यातायात व्यवस्था प्रभावित रही। 

जामा मस्जिद और जोर बाग में प्रदर्शन

शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद जामा मस्जिद और जोर बाग पर एकसाथ प्रदर्शन शुरू हुए। वहीं इसके कुछ देर बाद नई दिल्ली स्थित यूपी भवन और असम भवन के बाहर छात्र एकत्रित होने लगे। हालांकि पुलिस ने छात्रों को प्रदर्शन की मंजूरी नहीं दी और उन्हें हिरासत में लेकर मंदिर मार्ग व कनॉट प्लेस थाने ले जाया गया। शाम को यूपी भवन प्रदर्शन के लिए पहुंचे पूर्व सांसद और कांग्रेस नेता डॉ. उदित राज व उनके समर्थकों को भी पुलिस ने हिरासत में ले लिया। 

भीम आर्मी ने रैली निकाली

दोपहर करीब डेढ़ बजे जोर बाग से भीम आर्मी की ओर से लोक कल्याण मार्ग तक प्रदर्शन रैली निकाली गई। लेकिन पुलिस ने जोर बाग मेट्रो स्टेशन से पहले ही भीड़ को रोक लिया और उन्हें आगे नहीं जाने की मंजूरी नहीं दी। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने अपने दोनों हाथों को कपड़े से बांध आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर और उनके बाकी साथियों को छोड़े जाने की मांग की। 

लोक कल्याण मार्ग मेट्रो स्टेशन रहा बंद

प्रदर्शन के चलते काफी देर तक लोक कल्याण मार्ग मेट्रो स्टेशन को बंद रखना पड़ा। उधर, जामा मस्जिद के बाहर नमाज के बाद एकत्रित हुए लोगों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेता और पूर्व विधायक अलका लांबा व पूर्व विधायक शोएब इकबाल ने लोगों को संबोधित करते हुए केंद्र सरकार की नीतियों को दमनकारी बताया। 
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तीन घंटे तक डटी रही पुलिस, देखते ही लिया हिरासत में

शुक्रवार शाम को यूपी और असम भवन के बाहर दिल्ली पुलिस की ओर से भारी सुरक्षा बल की तैनाती की गई थी। पुलिस करीब 50 से ज्यादा वाहनों में तीन घंटे तक प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेती रही। स्थिति यह रही कि पुलिस प्रदर्शनकारियों को देखते ही हिरासत में ले रही थी। पुलिस के अनुसार दोनों ही क्षेत्रों में प्रदर्शन करने की मंजूरी नहीं दी गई थी। प्रदर्शन के दौरान बच्चों और महिलाओं की भागीदारी भी खूब देखने को मिली।  
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