स्याना क्षेत्र के महाब गांव में कथित गोवंश के अवशेष मिलने के बाद बुधवार को कोतवाली क्षेत्र के जहांगीराबाद-दौलतपुर रोड पर कथित गोकशी का मामला सामने आया। घटना को लेकर हिंदू संगठनों के लोग कोतवाली पहुंच गए। तीन एसडीएम के अलावा कई थानों की फोर्स भी मौके पर पहुंच गई। मामले में रिपोर्ट दर्ज होने और चार आरोपियों के जेल भेजे जाने पर हिंदू संगठनों के लोग शांत होकर लौट गए।
गांव टिटौटा निवासी कुछ लोग सुबह दौलतपुर रोड पर मॉर्निंग वॉक के लिए जा रहे थे। ग्रामीणों का आरोप है कि कि कुछ लोग बुदपैंठ स्थित एक भट्ठे के समीप सरेआम गोवंश काटते दिखाई दिए। लोगों ने पुलिस को सूचना दी और मौके पर पहुंचकर चार लोगों को दबोच लिया। गोकशी की सूचना पूरे क्षेत्र में फैल गई और घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई।
मौके पर पहुंची पुलिस ने पूरे मामले से आला अधिकारियों को अवगत कराया तो आनन फानन में अहार, औरंगाबाद, नरसेना आदि थानों की पुलिस व एसडीएम सदर अरविंद सिंह, एसडीएम स्याना अविनाश मौर्य व स्थानीय एसडीएम आनंद श्रीनेत व सीओ अतुल कुमार चौबे भी घटना स्थल पर पहुंच गऐ।
मौके पर पहुंची पुलिस व प्रशासन के लोगों ने आनन फानन में खेत में पड़े कथित गोवंश के अवशेष को जेसीबी की मदद से खेतों में दबवाया। इसी बीच काफी लोग कोतवाली पर भी एकत्रित हो गए। वहीं पुलिस चारों आरोपियों को लेकर कोतवाली पहुंच गई। पूछताछ के दौरान चारों आरोपियों ने अपना नाम आरिफ कुरैशी, राकिब मलिक मेरठ, वसीम पठान झांसी व अमान खां गांव रिवाड़ा बताया।
हिंदू संगठन से जुड़े एक पदाधिकारी अरुण राघव की तहरीर पर उपरोक्त चारों लोगों के खिलाफ गोवध अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
अतुल कुमार चौबे, सीओ अनूपशहर