जिला मथुरा के जटवारी शेरगढ़ निवासी राजबीर सिंह ने बताया कि वह करीब 14 साल से सुभाष कॉलोनी में किराये के मकान में रह रहे हैं। वह एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते हैं। बड़ी बेटी काजल व 20 साल की छोटी बेटी चंचल की शादी पलवल के कलवाका गांव में तीन मई 2022 को एक ही घर में की थी। शादी के दो-तीन महीने बाद चंचल की उसके पति से अनबन शुरू हो गई, जिसके बाद से वह मायके रह रही थी। कुछ समय के बाद दूसरी बेटी काजल की भी पति से अनबन होने के चलते वह भी मायके आ गई। दोनों बेटियां काजल व चंचल एक कंपनी में हेल्पर की नौकरी कर रही थीं।
24 अप्रैल की सुबह दोनों घर से कंपनी के लिए गई थीं। 25 अप्रैल की सुबह रेलवे फ्लाईओवर के निकट रेलवे लाइन के ऊपर चंचल का शव मिला। जीआरपी प्रभारी राजपाल सिंह ने बताया कि जांच में सामने आया कि आरोपी रोहित सुभाष कॉलोनी की गली नंबर चार में रहता है। दोनों एक कंपनी में नौकरी करते हैं। दोनों एक दूसरे को करीब छह महीने से जानते थे। इस बीच दोनों में प्रेम हो गया। पिछले कुछ दिनों से महिला युवक पर शादी करने के लिए दबाव बना रही थी। उस दौरान युवक को पता चला कि महिला अनुसूचित जाति से है। इसलिए वह उससे शादी नहीं कर सकता था। युवक महिला के साथ सिर्फ टाइम पास के लिए प्रेम करने का नाटक कर रहा था। वह उससे कभी शादी करना ही नहीं चाहता था।
साजिश के तहत की हत्या
आरोपी रोहित ने बताया कि उसने पहले से ही हत्या करने की साजिश बना रखी थी। वह हत्या करने के लिए बाजार से नया चाकू खरीदकर लाया था। साजिश के तहत वह चंचल की कहीं और हत्या करता और उसके बाद शव को रेलवे लाइन पर फेंकता। 24 अप्रैल की शाम को कंपनी की छुट्टी होने के बाद चंचल और रोहित के बीच दोबारा से शादी को लेकर कहासुनी हो गई। कहासुनी इतनी बढ़ गई कि रोहित ने चंचल पर 14 बार चाकुओं से हमला किया और फरार हो गया। जीआरपी पुलिस ने आरोपी को 30 अप्रैल को बल्लभगढ़ के बस स्टैंड से गिरफ्तार किया।
जाति की वजह से नहीं की शादी
प्रभारी राजपाल ने बताया कि आरोपी रोहित सैनी समाज से है। वहीं, चंचल अनुसूचित जाति से थी। इसलिए वह महिला से शादी नहीं करना चाहता था। वह तो सिर्फ उसके साथ छह महीने से प्रेम करने का नाटक कर रहा था।