सूत्रों के मुताबिक इस झील में वीक-एंड पर करीब दो से ढाई हजार पर्यटक बोटिंग करने पहुंचते थे। इनमें खास तौर पर दिल्ली-एनसीआर के पर्यटक और स्कूली बच्चे शामिल रहते थे। झील बंद होने से चिड़ियाघर में पर्यटकों की संख्या घट गई थी।
रंगीन लाइटें बढ़ाएंगी झील की सुंदरता
इस झील का पुनरुद्धार एनबीसीसी की ओर से पूरा किया जा चुका है। फिनिशिंग वर्क अंतिम पड़ाव में है। झील को सुंदर और आकर्षक बनाने के लिए यहां विशेष तौर पर रंग-बिरंगी लाइटें लगाई गईं हैं। पर्यटकों को अब झील में साफ पानी का दीदार होगा।
पुरातत्व सर्वेक्षण चलाएगा बोट
झील को सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी एएसआई खुद उठाएगा। एएसआई के एक अधिकारी ने बताया कि पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए झील बहुत महत्वपूर्ण है और इस बार पर्यटकों को यहां पर पहले से भी बेहतर सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए विभाग तैयारी कर चुका है।