उधर तीन दिन बाद भी आग पूरी तरह न बुझ पाने पर कारोबारियों में खासा रोष है। उनका कहना था कि 72 घंटे बाद भी उनको यह पता नहीं चल सका है कि उनका क्या नुकसान हुआ है। उनको अंदर नहीं जाने दिया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि राहत और बचाव कार्य पूरा होने के बाद ही कारोबारियों को अंदर भेजा जाएगा।
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि शुरुआती जांच के बाद पता चला है कि गुरुवार भागीरथ पैलेस में एक दुकान के बाहर रखे लकड़ी के सामान में पहले आग लगी थी। जब तक लोग उसे बुझाते तब तक आग ने कई दुकानों को अपनी चपेट में ले लिया। देखते ही देखते कई बिल्डिंग आग की चपेट में आ गई। कुछ देर बाद हालात बेकाबू हो गए। मार्केट की हर दुकान में ज्वलनशील सामान मौजूद था। इसलिए आग को बढ़ने में ज्यादा समय नहीं लगा।
हालात को देखते हुए इसे सीरियस कैटेगरी की आग घोषित कर दिया गया। आग से कुछ इमारतों का हिस्सा भी गिर गया। शुक्रवार सुबह आग पर काबू तो पा लिया गया, लेकिन उसे पूरी तरह नहीं बुझाया जा सका। अब 72 घंटे बीत जाने के बाद भी आग बुझाने का काम जारी था। आग से अरबों रुपये का नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है।