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Amar Ujala Samwad: पार्क बदहाल... लावारिस कुत्तों ने सैर करना किया मुहाल; ऐसा है दिल्ली के मुखर्जी नगर का हाल

Mon, 21 Oct 2024 09:51 AM IST
श्याम जी. अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली

सार

मुखर्जी नगर इलाका अधिकतर बदहाल है। इसके अलावा लावारिस कुत्तों ने सैर करना मुहाल कर दिया है। खौफ ऐसा कि स्थानीय निवासी बाहर निकलने से कतराते हैं। वहीं, लोगों की शिकायत है कि यहां की गलियों में सीवर का पानी ओवरफ्लो हो रहा है।
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अमर उजाला संवाद - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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देखरेख के अभाव में मुखर्जी नगर इलाका अधिकतर बदहाल है। इसके अलावा लावारिस कुत्तों ने सैर करना मुहाल कर दिया है। खौफ ऐसा कि स्थानीय निवासी बाहर निकलने से कतराते हैं। वहीं, लोगों की शिकायत है कि यहां की गलियों में सीवर का पानी ओवरफ्लो हो रहा है। इससे लोगों को आने-जाने में परेशानियों का सामना कर पड़ता है। उधर, मुख्य सड़कों पर रेहड़ी-पटरी वालों का अतिक्रमण है। इससे यहां यातायात जाम लगता है।
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यह सभी परेशानियां स्थानीय निवासियों ने शनिवार को अमर उजाला संवाद कार्यक्रम में रखीं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि साफ-सफाई की व्यवस्था नहीं होने से पार्क के अंदर कई जगहों पर कूड़े के ढेर लगे हैं। यही नहीं, पानी नहीं मिलने से पार्क में लगे पेड़ सूखने लगे हैं। स्थानीय निवासी डॉ. वीना गौतम ने बताया कि पार्क को हरा-भरा रखने के लिए काफी पौधे लगाए गए थे। पानी नहीं मिलने से यह सूखने लगे हैं।  

संयुक्त सचिव, मुखर्जी नगर अपार्टमेंट एसोसिएशन पवन कुमार शर्मा ने बताया कि पेड़ों की कटिंग नहीं हो रही है। इससे तने घरों तक पहुंच गए हैं। वहीं, रेहड़ी-पटरी वालों ने अतिक्रमण किया है। इससे फुटपाथ पर भी चलना दूभर हो गया है। कोचिंग संस्थानों ने भी नियम कायदों को दरकिनार कर रखा है। इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
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स्थानीय निवासी एचएस कोहली ने बताया कि पानी की बड़ी समस्या है। पहले तो समय पर पानी नहीं आता। अगर आता भी है तो बदबूदार। दिल्ली जल बोर्ड से समय-समय पर इसकी शिकायत की है, लेकिन अभी तक कुछ सुधार नहीं हुआ है। स्थानीय निवासी अजय कुमार मल्होत्रा ने बताया कि कॉलोनी वासियों के लिए पार्क टहलने का प्रमुख स्थान है। देखभाल के अभाव में पार्क दुर्दशा का शिकार है। इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। 

स्थानीय निवासी मीना कोनियल ने बताया कि लावारिस कुत्तों का इलाके में खौफ है। कई बार निगम से शिकायत की लेकिन, कोई देखने वाला नहीं । छोटे बच्चे खेलने के लिए नहीं निकलते, इतना बुरा हाल है। बेसहारा कुत्तों की समस्या का हल होना चाहिए। स्थानीय निवासी कंचन कपूर ने बताया कि कॉलोनियों में सीवर का पानी ओवर फ्लो है। इससे लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। झपटमारी भी आए दिन होती रहती हैं। ऐसे में यहां की सुरक्षा का भी ध्यान देना जरूरी है। 
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