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चिंताजनक: दिल्ली में साल में सिर्फ 259 घंटे हवा रहती है साफ और मौसम सुहावना, राजधानी से बेहतर बंगलूरू-अहमदाबाद

Wed, 18 Jun 2025 06:27 PM IST
आकाश दुबे संवाद न्यूज एजेंसी, नई दिल्ली

सार

साल के कुल 8,760 घंटों में से केवल 259 घंटे ही ऐसे हैं जब दिल्ली की हवा साफ और मौसम सुहावना होता है। यानी, साल का महज तीन फीसदी समय ही दिल्लीवासियों के स्वास्थ्य के लिए अनुकूल और आरामदायक माहौल मिलता है।
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दिल्ली में साफ हवा और आरामदायक तापमान का समय बेहद सीमित - फोटो : एएनआई/अमर उजाला
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विस्तार
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राजधानी में वायु प्रदूषण और मौसम की चरम स्थिति ने लोगों के लिए साफ हवा और आरामदायक तापमान का समय बेहद सीमित कर दिया है। एक ताजा अध्ययन के मुताबिक, साल के कुल 8,760 घंटों में से केवल 259 घंटे ही ऐसे हैं जब दिल्ली की हवा साफ और मौसम सुहावना होता है। यानी, साल का महज तीन फीसदी समय ही दिल्लीवासियों के स्वास्थ्य के लिए अनुकूल और आरामदायक माहौल मिलता है। यह चौंकाने वाला खुलासा अहमदाबाद की सेंटर फॉर एनवायरनमेंट प्लानिंग एंड टेक्नोलॉजी (सीईपीटी) यूनिवर्सिटी और क्लाइमेट-टेक स्टार्टअप ‘रेस्पिरर लिविंग साइंसेज’की संयुक्त शोध रिपोर्ट में हुआ है। 

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रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली में साल भर में करीब 2,210 घंटे ऐसे होते हैं जब तापमान 18 से 31 डिग्री सेल्सियस के बीच रहता है, जिसे आरामदायक माना जाता है। लेकिन इस दौरान 88 फीसदी समय यानी 1,951 घंटे हवा की गुणवत्ता बेहद खराब रहती है। इस समय वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 150 से अधिक रहता है, जो स्वास्थ्य के लिए नुकसानदेह है। नतीजतन, दिल्लीवासियों को शायद ही ऐसा मौका मिलता है जब वे साफ हवा में सांस ले सकें और खुशनुमा मौसम का आनंद उठा सकें।
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अन्य शहरों की तुलना में दिल्ली की हालत खराब
अध्ययन में दिल्ली की स्थिति को अन्य शहरों की तुलना में अधिक चिंताजनक बताया गया है। बंगलूरू में साल भर में 8,100 से ज्यादा घंटे साफ हवा और सुहावने मौसम के होते हैं। अहमदाबाद, भले ही गर्मी के लिए जाना जाता हो, फिर भी दिल्ली की तुलना में ज्यादा समय तक बाहर रहने के लिए अनुकूल परिस्थितियां देता है। हालांकि, चेन्नई की स्थिति भी दिल्ली जैसी ही है, जहां 88 फीसदी आरामदायक समय खराब हवा की गुणवत्ता से प्रभावित होता है। यह स्पष्ट है कि भारत के कई प्रमुख शहरों में वायु प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन का मिला-जुला असर जीवन की गुणवत्ता को तेजी से खराब कर रहा है।

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