एम्स के सीवीओ रहे संजीव चतुर्वेदी ने केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री डॉ. हर्षवर्धन को पत्र लिखकर मीडिया से बातचीत करने की इजाजत मांगी है। पत्र में लिखा गया है कि मैं स्वतंत्रता सेनानी के परिवार से हूं, इस मामले में हो रही बयानबाजी से मेरी छवि धूमिल हो रही है।
सूत्रों के मुताबिक पत्र में लिखा गया है कि पूर्व सीवीओ संजीव चतुर्वेदी को पद से हटाने के बाद स्वास्थ्य मंत्री और मंत्रालय की ओर से जो बयान आया है उससे उनकी छवि खराब हुई है। पत्र में लिखा गया है कि वे स्वतंत्रता सेनानी के परिवार से हैं और उनके दादा भारत छोड़ो आंदोलन में भाग लेते हुए जेल भी गए थे।
स्वतंत्रता संग्राम में उनके योगदान के लिए वर्ष-1972 में तत्कालीन प्रधानमंत्री ने उन्हें ताम्र पत्र देकर सम्मानित किया था। प्रशिक्षण के दौरान मुझे राष्ट्रपति से सम्मान मिल चुका है और मुझे आईएएस, आईपीएस, आईएफएस और आईआरएस अधिकारियों को भ्रष्टाचार पर लेक्चर देने के लिए नियमित तौर पर निमंत्रण मिलता रहा है और मैं जाता हूं।