दक्षिण दिल्ली में 11 सितंबर की रात एक 21 वर्षीय छात्रा के साथ छेड़छाड़ और उसे स्कूटर से धक्का देकर घसीटने का मामला सामने आया है। वारदात के समय छात्रा अपने घर लौट रही थी। पुलिस ने घटना के दस दिन बाद अज्ञात लोगों के खिलाफ लापरवाही से गाड़ी चलाने की प्राथमिकी दर्ज की है।
पंचशील मेट्रो स्टेशन के पास दो बाइक सवार युवकों ने छात्रा का पीछा किया, उसके साथ छेड़छाड़ की और फिर उसे उसके स्कूटर से धक्का दे दिया। छात्रा 100 से 150 मीटर तक घिसटती चली गई, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं। उसके पैरों, हाथों और चेहरे पर गहरे घाव हुए, खून बह रहा था और कई जगहों से त्वचा छिल गई थी।
छात्रा को याद है कि दो स्कूटर सवार उसकी मदद के लिए आए और उसे पास के एक निजी अस्पताल ले गए। उसने बताया, उन्होंने मुझे बताया कि वे उन दोनों लोगों को मेरा पीछा करते और परेशान करते हुए देख रहे थे और मदद करना चाहते थे। 12 सितंबर को उसके माता-पिता दिल्ली पहुंचे और उसे कानपुर ले गए, जहां उसका इलाज चल रहा है। गंभीर चोटों के कारण वह बिस्तर पर है।
घटना का विस्तृत विवरण
छात्रा ओखला के एक डिजाइन संस्थान में चौथे साल की पढ़ाई कर रही है और लाडो सराय की एक कला फर्म में इंटर्नशिप कर रही थी। रात करीब 12 बजे जब वह पंचशील मेट्रो स्टेशन से गुजर रही थी, तभी बाइक सवार दो लोगों ने उसका पीछा करना और फब्तियां कसना शुरू कर दिया। छात्रा ने बचने की कोशिश की, लेकिन संदिग्धों ने अपनी बाइक से उसे धक्का दिया और मौके से भाग गए। संतुलन बिगड़ने से वह स्कूटर से गिर गई और रास्ते पर पत्थर व कीचड़ होने के कारण उसे और चोटें आईं।
पुलिस कार्रवाई पर सवाल
छात्रा ने आरोप लगाया कि पुलिस ने 12 सितंबर को उससे संपर्क किया और उसने फोन पर घटना के बारे में बताया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। 15 सितंबर को, छात्रा के दोस्तों ने एक वकील के जरिये हौज खास पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई, क्योंकि छात्रा कानपुर में इलाज करवा रही थी। छात्रा ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उसे खुद आकर मिलने को कहा, जबकि वह बिस्तर से उठ नहीं सकती थी। इसके बाद मंगलवार को पुलिस ने सामान्य डायरी प्रविष्टि के आधार पर मामला दर्ज किया। पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
जेएनयू में छात्रा से छेड़खानी का आरोप, दो हिरासत में
जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में सोमवार देर रात परिसर में एक छात्रा ने बाहरी युवकों पर छेड़खानी करने का आरोप लगाया है। अभी तक छात्रा ने दिल्ली पुलिस को लिखित शिकायत नहीं दी है। घटनाक्रम के संबंध में जेएनयू के सुपरवाइजर ने वसंतकुंज नॉर्थ थाना को शिकायत दी है। मामले की जांच जारी है। पुलिस ने दो युवकों को हिरासत में लिया है।
मिली जानकारी के अनुसार ताप्ती हॉस्टल के पास गाड़ी में सवार दो बाहरी युवकों ने छात्रा को गाड़ी के अंदर बैठने और शराब पीने के लिए ऑफर दिया और छेड़खानी की। छात्रा साबरमती ढाबा से वापस हॉस्टल लौट रही थी। घटनाक्रम की जानकारी छात्रा ने तुरंत गार्ड को दी, जिसके बाद वहां हंगामा हुआ। सूचना मिलने पर दिल्ली पुलिस की पीसीआर गाड़ियां भी पहुंच गईं। परिसर में गाड़ी को प्रवेश जेएनयू के एक छात्र के नाम से मिला था। शिकायत में यह भी सामने आया कि छात्र के नाम पर बदल-बदल कर गाड़ियां आती हैं और वह उनकी एंट्री करवाता है। घटनाक्रम की सूचना मिलने पर जेएनयू छात्र संघ सहित दूसरे छात्र संगठनों के पदाधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। जेएनयू छात्र संघ के महासचिव सुनील यादव ने बताया कि जिस छात्र पर बाहरी युवकों को बुलाने का आरोप है, उसका पहले भी कई मामलों में नाम सामने आ चुका है।
जेएनयू सुरक्षा विभाग के अधिकारियों से मुलाकात की गई है। उनसे परिसर में गार्ड की संख्या बढ़ाने, पर्याप्त स्ट्रीट लाइट सुनिश्चित करने और गाड़ियों की संघन जांच करने की मांग की गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन से उम्मीद है कि जिस छात्र के नाम से बाहरी युवकों को परिसर में प्रवेश मिला, उस पर उचित कार्रवाई की जाएगी। दक्षिण पश्चिम जिला पुलिस उपायुक्त अमित गोयल ने बताया कि दो युवकों को हिरासत में लिया गया है।
और मामले की जांच जारी है।