फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फैशन डिजाइनर शिप्रा की सुनाई कहानी से उठेगा पर्दा

विज्ञापन
शिप्रा मलिक - फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला, नोएडा
विज्ञापन
शिप्रा ने पहले अपने अपहरण की कहानी एसएसपी नोएडा किरण एस को सुनाई। उससे करीब एक घंटे तक पूछताछ एसएसपी ने की, लेकिन असली कहानी उससे नहीं उगलवा पाए। सुबह करीब 6 बजे डीआईजी लक्ष्मी सिंह ने पूछताछ करनी शुरू की। उसके बाद शिप्रा टूट गई और उसने बताया कि वह खुद ही कार पार्क कर खाटू श्याम के आश्रम चली गई थी और वहीं पर तीन दिन तक रही।
विज्ञापन


इस बात की तस्दीक करने के लिए एक टीम खाटू श्याम रवाना की गई है जहां जांच करने के बाद यह स्पष्ट हो जाएगा कि शिप्रा वहां रुकी थी या नहीं। डीआईजी का कहना है कि शनिवार सुबह तक सारी स्थिति स्पष्ट हो जाएगी। मेडिकल होने के बाद महिला सुरक्षा के साथ शिप्रा को सेक्टर-37 स्थित घर तक पहुंचाया गया।

घर पहुंचते ही शिप्रा ने सबसे पहले 16 माह के बेटे सर्वम को आवाज लगाई। आवाज सुनकर वह मां के पास आया। सर्वम को शिप्रा ने गले लगा लिया और फूट-फूट कर रोने लगी।
विज्ञापन


 

शिप्रा फैशन डिजाइनिंग का शोरूम खोलना चाहती थी

शिप्रा मलिक - फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला, नोएडा

डीआईजी लक्ष्मी सिंह ने माना कि नोएडा पुलिस ने लापरवाही बरती थी जिससे से घटना का खुलासा होने में थोड़ी देर हुई। इस बात बृहस्पतिवार को ही नोएडा पुलिस की विभागीय जांच एसपी क्राइम गाजियाबाद श्रवण कुमार सिंह को सौंपी गई थी। श्रवण कुमार सिंह ने बताया कि जांच की जा रही है।

संबंधित थाना प्रभारी को नोटिस भेजा गया है। गंगा शॉपिंग कांप्लेक्स में शिप्रा फैशन डिजाइनिंग का शोरूम खोलना चाहती थी। शिप्रा के पिता सतीश कटारिया ने उसे एक शोरूम वहां दिलाने का वादा किया था। ऐसे में उन्होंने एक करोड़ की शॉप देख रखी थी।

उन्होंने शॉप खोलने के लिए 60 लाख रुपये दे भी दिए थे। 40 लाख और देने थे, लेकिन इसी बीच उनकी माली हालत गड़बड़ा गई।

 
विज्ञापन

शिप्रा को मीडिया के सामने नहीं लाया गया

फैशन डिजाइनर शिप्रा मलिक - फोटो : Bhavya Naresh
सेक्टर-14 ए स्थित एसएसपी कार्यालय में डीआईजी लक्ष्मी सिंह ने मामले का खुलासा किया। वहां पर शिप्रा को पुलिस ने मीडिया के सामने प्रस्तुत नहीं किया। हालांकि, इस दौरान उसका पति चेतन मलिक मौजूद था। चेतन ने बताया कि शिप्रा फिलहाल रेस्ट कर रही है और उसके वापस आने पर परिवार खुश है।

कब क्या हुआ बृहस्पतिवार रात
1:00 बजे- शिप्रा सुलतानपुर गांव के सरपंच के पास पहुंची।
1:15 बजे- फोन कर पति को अपने सुरक्षित होने की सूचना दी।
1:25 बजे- पति चेतन मलिक ने शिप्रा के मिलने की बात एसएसपी किरण एस. को बताई।
1:30 बजे- एसएसपी ने डीआईजी लक्ष्मी सिंह को रिपोर्ट किया।
1: 40 बजे- लक्ष्मी सिंह के आदेश पर एसएसपी के नेतृत्व में टीम सुलतानपुर रवाना की गई।

शुक्रवार सुबह
सुबह 4:30- एसएसपी की टीम शिप्रा को लेकर नोएडा पहुंची।
सुबह 4:40- सरकारी अस्पताल में शिप्रा का मेडिकल कराया गया।
सुबह 5:00 से 8:30 तक शिप्रा से पूछताछ की गई।
दोपहर 1:00- डीआईजी ने प्रेस कांफ्रेंस कर घटना का खुलासा किया।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें