आम आदमी पार्टी (आप) व उसके मुखिया अरविंद केजरीवाल के प्रशंसक उदयभान पंजाब के एक किसान हैं। बीते दिनों उनको पता चला कि दिल्ली में चुनाव चल रहा है तो वह पैदल ही वहां से दिल्ली के लिए निकल पड़े। 12 जनवरी से घर से निकले उदयभान दिन भर चलते और रात को जिस गांव में जगह मिलती, वहीं रूक जाते। 26 जनवरी को वह दिल्ली पहुंच और अब चुनाव तक वह दिल्ली में रहकर प्रचार करेंगे।
कहानी अकेल उदयभान की नहीं, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, बिहार समेत देश भर से आप कार्यकर्ता व पदाधिकारी फिलहाल दिल्ली की गलियों की धूल फांक रहे हैं। चुनाव की घोषणा होने के बाद कोई लंबी छुट्टी लेकर आया है तो किसी ने अपनी खेती-किसानी छोड़ दी है। इनकी संख्या करीब दो हजार है। यह उन इलाकों में प्रचार का जिम्मा उठा रहे हैं, जहां उनके प्रदेश के लोगों की संख्या ज्यादा है।
दूसरी तरफ दिल्ली पहुंच न पाने वाले आप कार्यकर्ता अपने-अपने शहर से मोबाइल कॉलिग कैंपेन चला रहे हैं। वह दिल्ली में रहने वाले अपने प्रदेश या शहर के मतदाताओं को फोन करके आप को वोट देने की अपील करते हैं। हर प्रदेश की आप की कार्यकारिणी को पार्टी ने उनके प्रदेश से जुड़े लोगों का मोबाइल डाटा उपलब्ध करवाया है। एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने बताया कि दूसरे प्रदेशों में रहने वाले कार्यकर्ताओं से कहा गया है कि वह हर दिन जितना समय दे सकें, फोन पर आप के लिए प्रचार करें।
प्रदेश प्रभारियों के यहां होता पहला प्रवास, वहां से विधान सभाओं से जाता भेजा
दूसरे प्रदेश से दिल्ली पहुंचने वाले आम आदमी पार्टी (आप) के कार्यकर्ता सबसे पहले दिल्ली में रहने वाले अपने प्रदेश प्रभारियो के यहां पहुंचते हैं। एक रात यहां रूकने के बाद उनको ऐसे इलाकों में भेजा जाता है, जहां उनके प्रदेश के लोगों की संख्या ज्यादा है। हरियाणा प्रदेश के प्रभारी व सांसद सुशील गुप्ता ने बताया कि उन्होंने अपने यहां कार्यकर्ताओं के रहने व खाने का अलग से इंतजाम कर रखा है। यहां से इनकी ड्यूटी लगाई जाती है। दूसरे दिन इनको संबंधित इलाकों में भेज दिया जाता है। इसी तरह यूपी और बिहार के प्रभारी व सांसद संजय सिंह के यहां यूपी व बिहार के कार्यकर्ताओं को जमावड़ा रहता है।