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BJP के 'फुल पेज' विज्ञापन पर AAP ने उठाए सवाल

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दिल्ली चुनाव 2015 के लिए होने वाले चुनावी प्रचार बृहस्पतिवार की शाम छह बजे थम गए। लेकिन शुक्रवार को शहर के सभी प्रमुख अखबारों के पहले पन्ने पर भाजपा का एक फुल पेज विज्ञापन जारी किया गया। इसमें दिल्ली चुनाव प्रचार के दौरान पहली बार भाजपा ने आम आदमी पार्टी के मुखिया अरविंद केजरीवाल पर हमला करने के बजाय केंद्र सरकार और भाजपा की उपलब्धियां गिनाईं।
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विज्ञापन में 16 विंदुओं में भाजपा ने अपनी उपलब्धियां गिनाई हैं। जिनमें प्रमुख रूप से दिल्ली को लेकर आठ बातें की गई हैं। भाजपा ने बताया कि दिल्ली में पार्टी ने 40 हजार लोगों को पोंशन की स्वीकृति दिलाई। 1.40 लाख दिल्लीवासियों को 80 लाख LED बल्व वितरित किए जाने का निर्णय लिया।

दिल्ली के एक लाख ई-रिक्शा का नियमतीकरण किया। दिल्ली अधीनस्थ सेवा के वेतन में वृद्धि की गई। दिल्ली में 5 किलो का गैंस सिलेंडर उपलब्ध कराया गया। पूर्वी दिल्ली में गुरु गोविंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्याय की नींव रखी गई। दिल्ली विश्वविद्याय में चार वर्षीय कोर्स को हटाकर तीन वर्षीय कोर्स किया गया। प्रचार थमने के बाद अखबार को ऐसा विज्ञापन देने पर आप सवाला उठाया है और चुनाव आयोग से इसे संज्ञान में लेने की अपील की है।
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'इतने महंगे विज्ञापन देने को भाजपा के पास कहां से आए पैसे'

दिल्ली में चुनाव प्रचार थमने के बाद सभी अखबारों को इतना महंगा विज्ञापन दिए जाने को आप नेता आशुतोष ने कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने अखबरों की कटिंग लगाते हुए ट्वीट किया कि आज सभी अखबारों के पहले पन्ने पर भाजपा का विज्ञापन है। भाजपा बताएगी कि ये विज्ञापनों को छपवाने में लगे पैसों का स्रोत क्या है? आप ऐसे धनाड्य लोगों के खिलाफ ही लड़ रही है।

उनके मुताबिक अखबारों के पहले पन्ने पर फुल पेज विज्ञापन छपवाने के लिए भारी कीमत चुकानी पड़ती है। ये बेहद खर्चीले ही नहीं बल्कि अखबारी जगत की सबसे महंगे विज्ञापन होते हैं।

यही नहीं, उन्होंने विज्ञापन के मूल उद्देश्य पर सवाल खड़ा करते हुए कहा कि क्या ऐसे विज्ञापन चुनाव प्रचार समाप्त होने बाद देने चाहिए। क्या यह चुनाव को प्रभावित नहीं करेगा। उनके मुताबिक यह चुनाव आयोग के आचार संहिता का हनन है। साथ ही भाजपा ने यह ऐसा करके यह भी प्रदर्श‌ित किया है कि उनके पास कितना पैसा है।

यह विज्ञापन आने के बाद उन्होंने नियमों में बदलवा करने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि अगर चुनाव प्रचार रुकने के बाद टेलीविजन में विज्ञापन बंद हो जाते हैं, तो अखबारों में क्यों नहीं। इस नियम में बदलाव करने की आवश्यकता है।

विज्ञापन के विरोध में अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट किया कि भाजपा ने अपनी सरकार की पिछली सात महीनों उपलब्धियां एक पूरे पेज में गिनाई हैं। लेकिन क्या ये उपलब्धियां आपको प्रभावित कर रही हैं, क्या आपकी उम्मीदों पर खरी उतर रही हैं।
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साथ ही आई पीएम की चिट्ठी

शुक्रवार को ही सभी अखबरों के पहले पन्ने पर फुल पेल विज्ञापन के अलावा प्रधानमंत्री की एक चिट्ठी भी जारी की गई। इसमें पीएम मोदी ने दिल्ली की जनता से आगामी विधानसभा चुनावों में भाजपा के लिए वोट डालने की मांग की है।

चिट्ठी में भी उन्होंने दिल्ली को वर्ल्ड क्लास सिटी बनाने का अपना वादा फिर से दोहराया है और दिल्लीवासियों से अपील की है कि वो वोट डालने जरूर जायें और भाजपा को भारी मतों से विजयी बनाएं।

गौरतलब है कि इस बार चुनाव प्रचार के दौरान भाजपा लगातार केजरीवाल पर हमलावर बनी रही। लेकिन चुनावों के ऐन पहले आए ओपिनियन पोलों में भाजपा की हालत खस्ता बताई गई और राजनीतिक गलियारों में इसकी वजह भाजपा के नकारात्मक प्रचार को बताया गया। इसके बाद पहली बार प्रचार थमने के बाद भाजपा की ओर से ये चिट्ठी जारी की गई।
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