सौरभ भारद्वाज ने एक ट्वीट कर कहा है कि एलजी साहब चुनाव के बीच सुर्खियां बटोरने की पूरी कोशिश कर रहे हैं। यह एलजी के संवैधानिक पद का पूरी तरह दुरुपयोग है। इसी मामले में उच्चस्तरीय जांच की मांग वाली जनहित याचिका दो साल पहले हाईकोर्ट ने खारिज कर दी थी। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी और न्यायमूर्ति नवीन चावला की खंडपीठ ने जगदीश शर्मा द्वारा दायर याचिका को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि यह पूरी तरह से तुच्छ है।
उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने केंद्र सरकार को पत्र लिखकर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक एवं दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल के खिलाफ एनआईए जांच की सिफारिश की है। इस पर आप के वरिष्ठ नेता सौरभ भारद्वाज का कहना है कि दिल्ली के एलजी वीके सक्सेना भारतीय जनता पार्टी के एजेंट की तरह काम कर रहे हैं। भाजपा के इशारे पर एलजी साहब लगातार सीएम अरविंद केजरीवाल की छवि खराब करने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपना रहे हैं। दिल्ली की सातों लोकसभा सीटों पर 25 मई को मतदान होने वाले हैं। इससे ठीक पहले एलजी ने जनता के बीच अरविंद केजरीवाल और आम आदमी पार्टी की छविd खराब करने के लिए बड़ी साजिश रची है।
सौरभ भारद्वाज ने कहा कि भाजपा के इशारे पर एलजी साहब द्वारा अरविंद केजरीवाल के खिलाफ एनआईए जांच की सिफारिश करने का षड़यंत्र रचा गया है, ताकि अरविंद केजरीवाल की छवि को जनता के बीच खराब की जा सके। एलजी के जरिए भाजपा यह सब इसलिए कर रही है, क्योंकि उसको लोकसभा चुनाव में अपनी करारी हार साफ दिख रही है। दिल्ली की सातों सीटें भी भाजपा हार रही है और इसलिए वो पूरी तरह से बौखला गई है। इसी बौखलाहट में भाजपा ने उपराज्यपाल को मोहरा बनाकर यह बड़ा षड़यंत्र रचा है।
सौरभ भारद्वाज ने कहा कि भाजपा हर बार चुनाव से पहले इसी तरह के आरोप लगाकर जनता को गुमराह करने की कोशिश करती है। 2022 में पंजाब विधानसभा चुनाव से ठीक पहले भी भाजपा ने यही आरोप लगाया था। उस दौरान देश के गृहमंत्री अमित शाह ने जांच कराने की बात कही थी, लेकिन उनकी जांच में कुछ नहीं मिला था। भाजपा जब भी अपनी हार देखती है तो इसी तरह का आरोप लगाती है, ताकि जनता को बरगला सके। अब एक बार फिर भाजपा ने अरविंद केजरीवाल के खिलाफ बड़ा षड़यंत्र रचा है, लेकिन इस बार भी जांच में कुछ नहीं निकलेगा और जनता इनके बहकावे में नहीं आएगी। इस बात का हमें पूरा विश्वास है।
दरअसल, सीएम अरविंद केजरीवाल के खिलाफ शिकायत करने वाला आशू मोंगिया भारतीय जनता पार्टी का पदाधिकारी है। आशू मोंगिया वर्ल्ड हिन्दू फेडरेशन का नेशनल जेनरल सेक्रेटरी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाई इस संगठन के अध्यक्ष हैं। इसके अलावा, आशू मोंगिया भाजपा के राष्ट्रीय कार्यसमिति का सदस्य और पूर्व प्रभारी पश्चिम बंगाल भी रहा है। उसने शिकायत कर प्रतिबंधित संगठन सिख फॉर जस्टिस से पैसे लेने का आरोप लगाया है। लोकसभा चुनाव के बीच में भाजपा के पदाधिकारी द्वारा इस तरह का आरोप लगाने का मकसद साफ दिखाता है कि इसके पीछे बड़ी साजिश है।