फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विधानसभा का विशेष सत्र आज, देर रात तक तय नहीं हो पाया अंतिम एजेंडा

Fri, 09 Sep 2016 12:17 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
मनीष सिसोदिया - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
दिल्ली विधानसभा का शुक्रवार को विशेष सत्र है जिसमें सत्ताधारी पार्टी से उपमुख्यमंत्री समेत तीन मंत्री शामिल होंगे। 
विज्ञापन


विशेष सत्र में उच्च न्यायालय के फैसले के बाद चुनी गई सरकार की स्थिति और उपराज्यपाल की तरफ से पुराने फैसलों की समीक्षा पर चर्चा के अलावा विधानसभा अध्यक्ष के अधिकार क्षेत्र में उपराज्यपाल की तरफ से हस्तक्षेप और मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के खिलाफ रेलवे स्टेशन पर विरोध प्रदर्शन के मामलों पर चर्चा की संभावना है।

हालांकि बृहस्पतिवार देर रात तक विशेष सत्र की कार्यवाही का एजेंडा तय नहीं हो सका था। आप सरकार के सूत्रों का कहना है कि विशेष सत्र में चुनी गई सरकार के वर्तमान हालात पर चर्चा होगी।
विज्ञापन
Trending Videos
विज्ञापन

'ये सत्र सही में विशेष है.. जिसका एजेंडा एक दिन पहले तक तय नहीं है'

अजय माकन
हालांकि चर्चा किस नियम में होगी ये अभी तय नहीं है। उपराज्यपाल की तरफ से पुराने फैसलों की फाइलें मंगवाने, जिम्मेदारी तय करने का पत्र भेजने के अलावा स्थानांतरण-नियुक्ति का मामला भी उठाया जाएगा। 

वहीं विधानसभा अध्यक्ष के अधिकार क्षेत्र में उपराज्यपाल के हस्तक्षेप का मामला भी सत्ताधारी पार्टी के विधायक उठाएंगे। विशेष सत्र में उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, मंत्री सत्येंद्र जैन और कपिल मिश्रा ही शामिल होंगे। अरविंद केजरीवाल पंजाब की यात्रा पर हैं और गोपाल राय छत्तीसगढ़ की यात्रा पर हैं।

'ये सत्र सही में विशेष है। जिसका एजेंडा एक दिन पहले तक तय नहीं है, जो सरकार विशेष सत्र बुला रही है उसके मुख्यमंत्री समेत तीन मंत्री बाहर रहते हैं। चुनावी राज्यों को प्रमुखता देकर दिल्ली की जनता की आवाज भूल रहे हैं। -अजय माकन, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष।'
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें