राहत कार्य में जुटी एनडीआरएफ टीमें
- फोटो : अमर उजाला
नोएडा सेक्टर-11 के एफ 62 में शुक्रवार शाम को बिजली कंट्रोल पैनल बनाने वाली तीन मंजिला फैक्टरी का आगे का हिस्सा निर्माण कार्य के दौरान अचानक गिरने से ठेकेदार और तीन मजदूर दब गए। हादसे में गंभीर रूप से घायल ठेकेदार जैनेंद्र व मजदूर गोपी की मौत हो गई। जबकि सागर व आशु अस्पताल में भर्ती हैं। वहीं, एक और व्यक्ति के दबे होने की संभावना है। एनडीआरएफ और अन्य बचाव की टीमें राहत कार्य में जुटी हैं। इस घटना का मुख्यमंत्री ने भी संज्ञान लिया है।
पुलिस के अनुसार, आरके भारद्वाज की बिजली के कंट्रोल पैनल बनाने की शक्ति टेक्नो फैब्रिक्स नाम से तीन मंजिला फैक्टरी है। फैक्टरी 1979 से 500 वर्गमीटर में चल रही है। तीसरी मंजिल पर कंस्ट्रक्शन का काम हो रहा था।
साथ ही, पहली व दूसरी मंजिल के आगे के हिस्से पर लोहे के गर्डर और पट्टियां डालकर प्लंबर काम कर रहे थे। अचानक 6:45 बजे आगे का हिस्सा भरभराकर गिर गया। सूचना मिलते ही पुलिस, अग्निशमन विभाग और गाजियाबाद से एनडीआरएफ, प्राधिकरण के कमियों ने मौके पर पहुंचकर बचाव कार्य शुरू कर दिया। पुलिस कमिश्नर और डीएम समेत तमाम आला अधिकारी भी पहुंच गए।
इस दौरान ठेकेदार जैनेंद्र और मजदूर गोपी, सागर व आशु को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया। अपर पुलिस आयुक्त श्रीपर्णा गांगुली ने बताया कि घटना में बिल्डिंग के आगे का हिस्सा गिरा है। पूरी बिल्डिंग नहीं गिरी है। राहत और बचाव कार्य जारी है। चार लोगों को बाहर निकालकर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दो के सिर में गंभीर चोट लगने से हालत खराब है। राहत और बचाव कार्य जारी है। डॉग स्क्वायड की टीम को भी लगाया गया है।
फॉल्स सीलिंग में छेद से हुआ हादसा, बिल्डिंग मालिक ने बरती लापरवाही
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटना में फैक्टरी मालिक की लापरवाही सामने आ रही है। बिल्डिंग बहुत ही जर्जर थी। इसके बाद भी तीसरी मंजिल के ऊपर कंस्ट्रक्शन हो रही थी और प्रथम व दूसरी मंजिल के बाहर काम किया जा रहा था। काम करने वाले लोग सुरक्षा मानकों का इस्तेमाल भी नहीं कर रहे थे। इसी दौरान फॉल्स सीलिंग में छेद करने के दौरान बिल्डिंग का आगे का हिस्सा गिर गया। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद मालिक के खिलाफ कार्रवाई होगी।