हरियाणा के कई शहरों के अलावा दिल्ली-एनसीआर भी लगातार तीसरे दिन वीरवार को भी गैस चैंबर बना रहा। हालांकि दोपहर बाद धुंध छंटने और शाम को तेज हवाओं से वायु प्रदूषण से थोड़ी राहत मिली, फिर भी हरियाणा के आठ शहरों में हवा बेहद खतरनाक रही।
इसके चलते फरीदाबाद, सोनीपत, गुरुग्राम, पानीपत और झज्जर जिलों में 15 नवंबर को भी कक्षा 12 तक के सरकारी और निजी स्कूल बंद रहेंगे। तेज हवाओं के चलने और बूंदाबांदी से शुक्रवार से प्रदूषण से राहत मिलने की संभावना है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मुताबिक बुधवार को हरियाणा के 11 शहरों का एक्यूआई (वायु गुणवत्ता सूचकांक) 400 से अधिक पहुंच गया था, जबकि वीरवार को भिवानी, सिरसा, रोहतक और पानीपत का एक्यूआई घटकर 400 से नीचे बेहद खराब की श्रेणी में आ गया।
हालांकि हिसार, फरीदाबाद, गुरुग्राम, जींद, पलवल, धारुहेड़ा और फतेहाबाद का एक्यूआई बेहद खतरनाक रहा। इन शहरों में एक्यूआई 400 से अधिक दर्ज किया गया। प्रदेश में पलवल सबसे अधिक प्रदूषित शहर रहा।
उधर, दिल्ली समेत एनसीआर के सभी शहरों की हवा मानक से दस गुना से ज्यादा खराब थी। नोएडा व गाजियाबाद देश के सबसे प्रदूषित शहर रहे। वहीं, दिल्ली का सूचकांक 463 दर्ज किया गया। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कहा कि सुस्त हवा और मिक्सिंग हाइट के मिश्रित असर से लगातार तीसरे दिन हवा गंभीर स्तर पर बनी है।
हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विभाग के अनुसार 19 नवंबर तक मौसम परिवर्तनशील रहेगा। 15 नवंबर को पश्चिमी हरियाणा खासकर सिरसा में गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी और अन्य जिलों में बादल व तेज हवाएं चलने की आशंका है। 16 नवंबर से मौसम खुश्क रहेगा।