चीन से मानेसर एनएसजी (राष्ट्रीय सुरक्षा गारद) स्वास्थ्य शिविर लाए गए 324 भारतीय छात्रों को 17 दिन बाद मंगलवार को छुट्टी दे दी है। जांच रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद मंगलवार को छात्रों को घर के लिए रवाना किया गया।
छात्रों ने खुशी मनाते हुए कहा कि उन्हें आइसोलेशन वार्ड में रखा गया था जहां उनकी देखभाल बेहतर तरीके से हुई। चीन में रहते हुए वह काफी डरे हुए थे। भारत आते ही उनके मन से कोरोना वायरस का डर निकल गया था।
जांच रिपोर्ट में भी वायरस का इफेक्ट न आने के बाद उन्होंने राहत की सांस ली है। सेना अधिकारियों के मुताबिक, छात्रों को घर भेजने से पहले उन्हें हिदायत दी गई है कि वह कुछ दिन घर पर भी परिवार से अलग ही रहें।
उधर, अधिकारियों ने बताया कि चीन से आए लोगों की जानकारी मिलते ही कुछ लोगों ने कैंप में आना बंद कर दिया। रोजमर्रा के सामान की आपूर्ति करने वाले भी कैंप में आने से डरने लगे थे।
गौरतलब है कि चीन के वुहान शहर में कोरोना वायरस फैलने के कारण वहां मौजूद 324 भारतीय छात्रों को मानेसर स्थित एनएसजी कैंप में बनाए गए आइसोलेशन वार्ड में एक फरवरी को लाया गया था। सेना व स्वास्थ्य विभाग की टीम उनकी देखरेख कर रही थी।
इस दौरान उनके ब्लड सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए थे। इनकी रिपोर्ट निगेटिव आने पर छात्रों समेत सेना व स्वास्थ्य विभाग अधिकारियों ने राहत की सांस ली और मंगलवार को छात्रों को उनके घर के लिए रवाना कर दिया।