औद्योगिक नगरी में विभिन्न जगहों पर लावारिस हालत में पाए गए 31 बच्चों को मिसिंग सेल ने महज नौ दिन के भीतर अपनों से मिला कर उनके चेहरों पर मुस्कान लौटाई है। बाल कल्याण समिति की देखरेख में परवरिश पा रहे इन बच्चों में से सात को रविवार को उनके परिजनों के हवाले किया गया।
बच्चों को अपनों से मिलाने में मिसिंग सेल प्रभारी रेणू शेखावत ने कड़ी मेहनत की। ऑपरेशन मुस्कान दो टीम ने रविवार को अरुण निवासी चंगोल जिला मुजफ्फरपुर (बिहार) को उसके पिता रामवृक्ष, मनोज पुत्र कलबान निवासी दगाजी, नेपाल, संदीप पुत्र रामसिंह निवासी सुजपुरा फिरोजाबाद (यूपी), रोहित पुत्र बाबूलाल निवासी डीडा धर्मपुर, सीतामढ़ी (बिहार), ढोलू पुत्र प्रेम बहादुर निवासी लक्कड़पुर, गौरव पुत्र मुन्नालाल निवासी बुरानीपुर और तुषार पुत्र हरीचंद निवासी हनुमान मंदिर फरीदाबाद को उनके परिजनों को सौंपा।
रेणू शेखावत ने बताया कि बिछड़े हुए बच्चों को उनके परिजनों से मिलाने का अभियान आगे भी जारी रहेगा।