शहीद हसन खां मेडिकल कॉलेज के अनुबंधित कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल अभी खत्म भी नहीं हुई है कि अनुबंध पर लगी 21 स्टाफ नर्सों ने सामूहिक त्यागपत्र देकर कॉलेज की मुश्किलें बढा दी हैं।
वहीं चंदीगढ से लौटे कॉलेज के निदेशक संसार चंद शर्मा का कहना है कि 27 में से अभी 11 स्टाफ नर्स काम कर रही हैं। बाकी नौकरी छोडने वालों की क्या समस्या है उनको बुलाकर बात कर समाधान निकाला जाएगा।
शहीद हसनखां मेडिकल कॉलेज में कार्यत स्वास्थ्य कर्मचारी बबीता, गीता, हंसराज, विवेक, ज्ञान चंद और मीनू, पिंकी ने बताया कि मेडिकल विभाग ने 6 माह पहले ठेकेदार की मार्फत 27 कर्मचारियों को स्टाफ नर्स के तौर पर नियुक्त किया था।
तब उनको मौखिक तौर पर बताया गया कि उनको 12500 रुपये का वेतन दिया जाएगा तथा डीसी रेट पर लगे कर्मचारियों की तर्ज पर अवकाश दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि जब उनको ज्वाईनिंग लेटर दिया गया तो उसमें न तो छुट्टी ही लिखी थी और न ही कितना वेतन दिया जाएगा इसके बारे में कोई जिक्र था।
जब इस बारे में उच्च अधिकारियों और ठेकेदारसे बात की गई तो उन्हाेंने आश्वासन दिया किया कि बाद में लेटर दिया जाएगा, यह तो केवल तुहारा ज्वाइनिंग लेटर है।