केदारनाथ धाम में दुबारा पूजा के साथ नियमित पूजा कार्यक्रम भी तय कर दिया गया है। धाम में अभी आम श्रद्धालु नहीं पहुंच रहे हैं, ऐसे में सवाल खड़ा हुआ है कि इस पूजा में कौन भाग लेगा।
तय कार्यक्रम के मुताबिक धाम में तड़के चार बजे बाल भोग लगेगा। प्रात: सात बजे मंदिर के कपाट खोले जाएंगे। श्रद्धालु दोपहर एक बजे तक मंदिर में प्रवेश कर भगवान बाबा केदार के दर्शन कर सकेंगे।
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यज्ञ के बाद भोग
इसके बाद मंदिर के कपाट बंद कर अंदर सफाई होगी, यज्ञ के बाद भोग लगाया जाएगा। दोपहर बाद तीन बजे मंदिर के कपाट पुन: खोले जाएंगे।
श्रद्धालु शाम साढ़े छह बजे तक दर्शन कर सकते हैं, लेकिन उन्हें मंदिर में गर्भगृह तक जाने की अनुमति नहीं होगी। शाम साढ़े छह बजे के बाद सांयकालीन आरती होगी जो एक घंटा चलेगी।
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कपाट बंद कर दिए जाएंगे
करीब साढ़े सात बजे मंदिर के कपाट बंद कर दिए जाएंगे। श्रीबदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के मीडिया प्रभारी डा. हरीश गौड़ ने बताया कि केदारनाथ में मंदिर समिति के 12 लोग तैनात हैं।
मंदिर की व्यवस्थाओं के लिए सुरेशानंद मैंदुली को नोडल अधिकारी बनाया गया है। बदरी-केदार मंदिर समिति के अध्यक्ष गणेश गोदियाल हेलीकॉप्टर से देहरादून चले गए जबकि मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह सड़क मार्ग से बदरीनाथ के लिए रवाना हुए।
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