मानसून की रफ्तार लगातार तेज हो रही है। रविवार को सावधान रहें, भारी बारिश मुसीबत बन सकती है। राज्य मौसम केंद्र ने खास तौर पर उत्तरकाशी, चमोली, रूद्रप्रयाग, नैनीताल, पौड़ी, पिथौरागढ़ जनपदों में अत्यधिक भारी बारिश की आशंका जताई है।
दून में भी बादल छाए रहने की संभावना है। गरज संग बारिश के एक-दो तेज दौर हो सकते हैं। तापमान में गिरावट की संभावना है। अधिकतम तापमान 28, जबकि न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
शनिवार को राजधानी में दोपहर बाद तक रुक-रुककर बारिश होती रही। दोपहर बाद अचानक चटख धूप निकल आई, लेकिन शाम को अचानक आसमान में बादल छाए गए। हल्की हवा चलने से मौसम सुहाना हो गया।
दून में सुबह साढ़े आठ बजे तक 35.7 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि इसके बाद शाम साढ़े पांच बजे तक बारिश का रिकार्ड 4.9 मिलीमीटर रहा।
प्रदेश भर में हुई जमकर बारिश
प्रदेश के अन्य स्थानों पर भी बारिश का सिलसिला कायम रहा। मुक्तेश्वर में अच्छी बारिश हुई। यहां 56.8 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड की गई।
पंतनगर में 45.0 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई, जबकि टिहरी में सुबह साढ़े आठ बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक कुल 13.4 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड की गई।
पिछले 24 घंटे में प्रमुख शहरों में बारिश का स्तर
शहर ---------- बारिश (मिलीमीटर में)
नैनीताल ------ 145.0
हरिद्वार -------- 130.7
पिथौरागढ़ ----- 101.6
उत्तरकाशी ----- 33.3
जोशीमठ ------ 22.0
मसूरी --------- 13.0
नैनीताल-अल्मोड़ा में भारी बारिश की संभावना
मौसम विभाग ने 20 जुलाई को नैनीताल और अल्मोड़ा जिले के कुछ स्थानों पर अपेक्षाकृत भारी बरसात की संभावना जताई है। राज्य के अन्य हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है।
विभाग ने संभावना जताई है कि सोमवार से बरसात में कमी आएगी। वहीं, शनिवार को उत्तराखंड के अधिकांश स्थानों में हल्की से मध्यम बरसात तथा कुछ हिस्सों में अपेक्षाकृत भारी बारिश दर्ज की गई है।
केदारनाथ घाटी में दिनभर जबकि उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी, टिहरी, नैनीताल, अल्मोड़ा, बागेश्वर तथा ऊधमसिंह नगर जनपद में कुछ जगह अधिक बरसात हुई है। लगातार हो रही बारिश से प्रदेश के सभी जनपदों में कई सड़क मार्ग अवरुद्ध हुए हैं।
ये रहे प्रदेश में सड़कों के हालात
रुद्रप्रयाग- ऋषिकेश-केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग बांसवाड़ा, डोलिया देवी मंदिर एवं सिरोबगड़ में मलवा आने से बंद।
उत्तरकाशी- ऋषिकेश-गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग सूखीटाप में मलबा आने से अवरुद्ध, ऋषिकेश-यमनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग जानकीचट्टी तक यात्रियों के लिए खुला।
चमोली- ऋषिकेश-बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग लामबगड़, पागलनाला, सिरोबगड़ में मलवा आने से बंद है।
पौड़ी गढ़वाल- देवप्रयाग- पौड़ी मार्ग अवरुद्ध, 60 ग्रामीण मोटर मार्ग बंद।
देहरादून- लंबीधार-किमाड़ी, चकराता-सहिया मोटर मार्ग बंद, सहिया में तीन एवं चकराता में 10 ग्रामीण मार्ग अवरुद्ध।
अल्मोड़ा- दन्या-अल्मोड़ा, बाडिछिना-सेराघाट, दौवारसू-काकड़ीघाट मोटरमार्ग बंद। नैनीताल-भुजान-बेतालघाट-गर्जिया, मल्ला-तल्ला-रामनगर मोटर मार्ग मलवा आने से अवरुद्ध, 31 ग्रामीण मोटर मार्ग बंद।
ऊधमसिंह नगर- जसपुर-अफजलगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पिकापुल के पास 300 मीटर बह गया।
बागेश्वर- पिथौरागढ़ से बागेश्वर मोटरमार्ग यातायात के लिए बंद।
पिथौरागढ़- नाचनी-मल्ला भैंसकोट ग्रामीण मोटर मार्ग, दशाईथल-खिरमांडे ग्रमीण मोटर मार्ग एवं दौलीगाड़-पोसा ग्रामीण मोटर मार्ग मलवा आने से अवरूद्व है। पिथौरागढ़-टनकपुर राष्ट्रीय राजमार्ग धौल के समीप मलवा आने से अवरूद्व है। दारमा घाटी पैदल मार्ग सलेटा के समीप अवरूद्व है। तवाघाट-कन्ज्योति-सोबला मोटर मार्ग, दारमा घाटी पैदल मार्ग सलेटा के पास मुनस्यारी-मिलम मोटर मार्ग बंद है।
चंपावत- टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग बंद।