दिल्ली, यूपी, महाराष्ट्र की तर्ज पर अब उत्तराखंड में भी वेस्ट एनर्जी प्लांट लगाने की तैयारी है। योजना को धरातल पर उतारने के लिए राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने केंद्रीय वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय से वेस्ट एनर्जी प्लांट लगाने को लेकर अनुमति मांगी है।
राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सदस्य सचिव एसपी सुबुद्धि ने बताया कि वेस्ट एनर्जी प्लांट लगाने को लेकर प्रस्ताव तैयार कर केंद्रीय वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय को भेजा गया है।
दिलचस्प यह है कि देहरादून में ‘वेस्ट एनर्जी प्लांट’ लगाने को लेकर शीशमबाड़ा में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट संचालित करने वाली कंपनी ने नगर निगम को प्रस्ताव दिया था कि वह वेस्ट एनर्जी प्लांट लगाने को लेकर तैयार है। कंपनी की ओर से इस संबंध में सर्वे भी कराया गया था, लेकिन बाद में यह मामला ठंडे बस्ते में चला गया।
सूत्रों की मानें तो अब नए सिरे से वेस्ट एनर्जी प्लांट लगाने की तैयारी है और इसे रुड़की या फिर हरिद्वार में लगाया जा सकता है। इसके लिए पीछे तर्क दिया जा रहा है कि यदि इसे हरिद्वार या फिर रुड़की में लगाया जा सकता है तो प्लांट को रुड़की, हरिद्वार व ऋषिकेश जैसे शहरों से निकलने वाले कूड़ा करकट का इस्तेमाल कर अधिक से अधिक बिजली बनायी जा सकती है।