मध्य प्रदेश के बहुचर्चित व्यापम घोटाले के तार एक और राज्य से जुड़े हैं। इस मामले में दिल्ली के केंद्रीय सूचना आयुक्त ने काशीपुर के वकील से आमने-सामने बात की और मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया को पूरी जानकारी उपलब्ध कराने का आदेश दिया।
वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये यह सुनवाई रुद्रपुर स्थित कलक्ट्रेट परिसर के एनआईसी भवन में हुई। काशीपुर निवासी दो छात्र मध्य प्रदेश के दो मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहे हैं।
बताया जाता है कि दोनों को जुगाड़ से एडमिशन मिला था। इसकी जानकारी होने पर काशीपुर बार काउंसिल के मेंबर एडवोकेट अमरीश अग्रवाल ने मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया से सितंबर 2014 में दोनों छात्रों के एडमिशन के बारे में सूचना अधिकारी अधिनियम के तहत जानकारी मांगी।
इस पर एमसीआई ने जवाब दिया कि मामला फीस स्ट्रक्चर कमेटी मध्य प्रदेश से जुड़ा होने के नाते उक्त सूचना नहीं उपलब्ध करवाई जा सकती है।