मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार अरब सागर के ऊपर आए भीषण चक्रवाती तूफान बिपरजॉय के चलते झोंकेदार हवाएं चलीं और प्री-मानसून में अच्छी बारिश हुई, लेकिन 25 जून के बाद औपचारिक तौर पर उत्तराखंड में आए मानसून में पूरे महीने में बीते सालों के मुकाबले कम बारिश हुई। मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि इस बार जून में बारिश का आंकड़ा सामान्य से नीचे रहा। तूफान के चलते उत्तराखंड में कई दिनों तक झोंकेदार हवाएं चली। इजिसके चलते जून के तापमान में खासी बढ़ोतरी देखने को नहीं मिली।
2013 में हुई थी सबसे अधिक बारिश
बीते दस सालों के रिकॉर्ड में जून में अभी तक सबसे अधिक बारिश वर्ष 2013 में हुई थी। इसी साल केदारनाथ धाम में भीषण बाढ़ भी आई थी। साल 2013 में जून में 1094.8 एमएम बारिश हुई थी, जो अब तक का बारिश का सबसे बड़ा रिकॉर्ड है। जबकि, नौ साल पहले वर्ष 2014 में जून में सबसे कम 100.4 एमएम बारिश हुई थी, जो सामान्य से 78.4 एमएम कम है।