इसके लिए शासन से लोक निर्माण विभाग को 3 करोड़ 96 लाख रुपये स्वीकृत किए गए थे। लोनिवि ने शीतकाल में भी काम जारी रखने का निर्णय लिया था लेकिन क्षेत्र में पड़ रही अत्यधिक ठंड के कारण मजदूर काम नहीं कर पा रहे हैं। अब वह काम बंद कर निचले क्षेत्रों में लौट गए हैं।
अब तक यह हुए काम
हेमकुंड साहिब यात्रा के पैदल मार्ग पर पुलना से हेमकुंड साहिब (16 किमी) तक 80 में से 70 मोड़ों का सुधारीकरण कार्य पूर्ण किया जा चुका है। जबकि अटलाकुड़ी में रेस्क्यू हेलिपैड का काम 70 प्रतिशत तक पूरा हो गया है। पुलना और घांघरिया में घोड़ा पड़ाव का निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया है। 14 में से 12 रेन शेल्टर भी बनकर तैयार हो गए हैं।
हेमकुंड साहिब क्षेत्र में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। घांघरिया से आगे बर्फ जम गई है, जिससे काम रोकना पड़ा है और मजदूर लौट गए हैं। अब आगामी मई माह से दोबारा कार्य शुरू किया जाएगा।
- राजवीर सिंह चौहान, ईई, लोनिवि।