उत्तराखंड के छावनी क्षेत्र के लोगों के लिए राहत की खबर है। इन क्षेत्रों के सैनिकों, पूर्व सैनिकों एवं अन्य लोगों को भूमि संबंधी मामलों के लिए अब मेरठ और बरेली के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। केंद्र सरकार ने राज्य में दो रक्षा संपदा कार्यालय खोलने को मंजूरी दी है। रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट के मुताबिक देहरादून में रक्षा संपदा कार्यालय खुलेगा जबकि रानीखेत में उप रक्षा संपदा कार्यालय खोला जाएगा।
रक्षा राज्य मंत्री के मुताबिक भूमि संबंधी मामलों के लिए गढ़वाल के छावनी क्षेत्र के लोगों को अब तक मेरठ और कुमाऊं के छावनी क्षेत्र के लोगों को बरेली जाना पड़ता था। अब मंत्रालय ने डीईओ मेरठ और डीईओ बरेली से देहरादून और रानीखेत को अलग करते हुए नया कार्यालय खोलने की मंजूरी दी है। इस निर्णय से छावनी क्षेत्रों के लोगों को राहत मिलेगी। रक्षा राज्यमंत्री ने कहा कि देहरादून में डीईओ कार्यालय का जल्द उद्घाटन किया जाएगा।
देहरादून में रक्षा संपदा कार्यालय खोलने की मांग लंबे समय से चल रही थी। मंत्रालय से इस संबंध में आदेश जारी हो गए हैं। देहरादून में मुख्य कार्यालय और उप कार्यालय के रानीखेत में खुलने से रक्षा संपदा संबंधी कई काम जिनमें भूमि अधिग्रहण, भूमि संबंधी प्रकरण, लीज भूमि आदि के मामलों के लिए लोगों को प्रदेश से बाहर नहीं जाना पड़ेगा। इसके साथ ही नगर के आसपास बंद मार्गों के खुलने की संभावना है।
इतना स्टॉफ करेगा काम
डीईओ कार्यालय देहरादून में कुल 27 लोगों का स्टॉफ काम करेगा। कुछ नए स्टॉफ की भर्ती होगी। हालांकि, शुरुआत में डीईओ मेरठ और डीईओ बरेली से कुछ कर्मचारियों का देहरादून में तबादला किया गया है।
ये क्षेत्र होंगे शामिल
डीईओ देहरादून के तहत चमोली, देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी गढ़वाल, रुद्रप्रयाग, टिहरी गढ़वाल, उत्तरकाशी के क्षेत्र आएंगे। इसमें चकराता, क्लेमेंटटाउन, देहरादून, लंढौर, लैंसडौन, रुड़की, नैनीताल, अल्मोड़ा एवं रानीखेत कैंट का क्षेत्र होगा। इसके अलावा देहरादून और जोशीमठ, रायवाला एवं हर्षिल मिलिट्री स्टेशन भी इसके तहत आएंगे। वहीं उप रक्षा संपदा अधिकारी कार्यालय रानीखेत में नैनीताल, अल्मोड़ा, ऊधमसिंह नगर, पिथौरागढ़, बागेश्वर एवं चंपावत क्षेत्र हैं। इसमें रानीखेत, पिथौरागढ़, धारचूला, चंपावत, आरटीसी डिपो हेमपुर एंड एएफ भवाली मिलिट्री स्टेशन शामिल हैं।
गौतम को मिला प्रभार
डीईओ देहरादून का प्रभार फिलहाल क्लेमेंटटाउन सीईओ कौशल गौतम को दिया गया है।