संस्थान के पल्मोनरी मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ.गिरीश सिंधवानी ने बताया कि इसके लिए एम्स संस्थान की पूर्व में ओएनजीसी के साथ संयुक्त बैठक हुई थी, इसमें कोरोना मरीजों से संक्रमण फैलने के खतरों पर चर्चा की गई।
जिसके बाद पोर्टेबल बेडसाइड ब्रोंकोस्कॉपी के लिए सहयोग किया गया। इस अवसर पर संस्थान की डीन सीएसआर डॉ.श्रीपर्णा बासू, नोडल ऑफिसर कोविड डॉ.मधुर उनियाल, ओएनजीसी के जीजीएम एचसीए वीके जैन, जीएम सीएसआर आरके द्विवेदी, जीएम मेडिकल पी.वासन, जीएम आरके डोभाल मौजूद थे।