हल्द्वानी वन विभाग और ग्रामीणों के तमाम प्रयासों के बावजूद जंगलों की आग पर काबू होता नहीं दिख रहा है। जंगलों की आग दिन ब दिन भयावह होती जा रही है। बुधवार को भी कुमाऊं में कई जगहों पर जंगलों में आग धधकती रही। कई स्थानों पर आबादी क्षेत्र तक यह आग पहुंच गई।
चंपावत वन प्रभाग के अंतर्गत बाराकोट, लोहाघाट और पाटी क्षेत्र के जंगलों में 24 घंटों में आग की 11 घटनाओं में तीन हेक्टेयर वन संपदा नष्ट हो गई है। इस दौरान आठ गोशालाएं जंगल की आग की चपेट आईं। चंपावत के पास चौड़ा, राजपुरा, गौड़ी, पाटी के रीठा साहिब, लोहाघाट के गंगनौला, मायावती और फर्नहिल के जंगल आग की चपेट में हैं। मायावती आश्रम के पास के जंगलों में वक्त पर आग पर काबू किए जाने से वन्य जीव सुरक्षित हैं।
लोहाघाट क्षेत्र में आग की घटनाओं की रोकथाम के लिए मां पूर्णागिरि मेले से अग्निशमन इकाई को वापस बुलाने से तीन दिन के भीतर आग की आठ घटनाओं पर काबू पाया गया। चंपावत जिले में इस बार फायर सीजन में अब तक की 49 घटनाएं हो चुकी हैं। इनमें 40.05 हेक्टेयर जंगल जले हैं।
बागेश्वर के गढ़खेत रेंज के रौल्याना के जंगल में मंगलवार की रात आग लग गई। आग से वनस्पति को खासा नुकसान पहुंचा है। डीएफओ बीएस शाही के अनुसार शीतकाल से अब तक जिले में जंगल में आग लगने की 125 से अधिक घटनाएं हो चुकीं हैं। इनमें 180 हेक्टेयर जंगल प्रभावित हुए हैं।
नैनीताल में पंतनगर बायोटेक्नोलॉजी संस्थान तक पहुंची जंगल की आग
नैनीताल के समीप पटवाडांगर क्षेत्र के जंगल बुधवार को आग से धधक गए। आग पंतनगर बायोटेक्नोलॉजी संस्थान के चारों ओर फैल गई। पूरे दिन संस्थान के लगभग 40 कर्मचारियों व वन विभाग की दो टीमों ने आग को संस्थान तक पहुंचने से रोका। जंगल की आग संस्थान के पुराने भवनों के समीप पहुंच चुकी थी। गरमपानी से मिली जानकारी के मुताबिक ग्राम पंचायत छियोड़ी धूरा के जंगलों में बुधवार को लगी आग आबादी क्षेत्र तक आ पहुंची। आग छियोड़ी धूरा में एक गोशाला तक पहुंच गई जिस पर बमुश्किल काबू पाया गया।