- उत्तराखंड आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय में योग के डिप्लोमा पाठ्यक्रम डिग्री कोर्स को मंजूरी
- आयुर्वेदिक विश्व विद्यालय में योग और अन्य कार्यक्रमों के लिए ऑडिटोरियम की घोषणा
- कोटद्वार के चरक डांडा में अंतरराष्ट्रीय आयुर्वैदिक शोध संस्थान के लिए आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय के डेवलपमेंट फंड से दस करोड़ की स्वीकृति
- प्रदेश के जिला मुख्यालयों में 25 बेड और तहसील लेवल पर 15 बेड के आयुर्वेदिक हॉस्पिटल खोलने की घोषणा
- दूरदराज के क्षेत्रों में सौ योग और वैलनेस सेंटर बनाने की घोषणा, पहले चरण में 50 वैलनेस सेंटर बनाए जाएंगे
- गुरुकुल कांगड़ी में हिंदुस्तान का पहला आयुर्वेदिक कैंसर संस्थान खोलने की घोषणा
- केरल में पंचकर्म की तर्ज पर उत्तराखंड में मर्म चिकित्सा को चिकित्सा पद्धति के रूप में आगे बढ़ाएगी सरकार
बाबा रामदेव ने एलोपैथिक इलाज और डॉक्टरों को लेकर दिए थे विवादित बयान
बता दें कि पिछले दिनों बाबा रामदेव ने कोरोना संक्रमण के दौरान एलोपैथिक डॉक्टरों और एलोपैथिक इलाज को लेकर विवादित बयान दिए थे। जिसके बाद देश भर में बाबा रामदेव को डॉक्टरों का विरोध झेलना पड़ा था।
हरिद्वार : रामदेव ने मॉर्डन साइंस को टेरिरज्म से जोड़ा, बोले - संन्यासी अकेले नहीं, पीछे हैं करोड़ों लोग और अनुसंधान
इस मामले में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हषवर्धन भी सामने आए थे, लेकिन उनके आने के बाद भी मामला शांत नहीं हुआ था। आईएमए और बाबा रामदेव के बीच ये विवाद कई दिनों तक चला था।