साजिद की पत्नी के ही मोबाइल पर किसी सलाहउद्दीन नाम के व्यक्ति का टीकाकरण प्रमाणपत्र भेजा गया है। सात जून को भेजे गए इस मैसेज में सलाहउद्दीन के वैक्सीनेशन के लिए ड्यू डेट चार जून होने की सूचना दी गई है। सलाहउद्दीन के बारे में कोई जानकारी न होने के चलते आखिर यह मैसेज कैसे सलाहउद्दीन तक पहुंच पाएगा।
इसी तरह तूफैलबाग निवासी मो. यासीन (कोयले वाले) के मोबाइल पर किसी दया रानी के वैक्सीनेशन का सर्टिफिकेट भेजा गया है। सर्टिफिकेट पर टीकाकरण कराने वाले का पता और मोबाइल नंबर दर्ज नहीं होने के कारण संबंधित व्यक्ति तक सूचना नहीं पहुंचाई जा सकती।
आरोग्य सेतु के ट्विटर हैंडल पर दी गई जानकारी के अनुसार वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट में नाम, जन्म वर्ष और जेंडर को लेकर हुईं गलतियों में से सिर्फ एक बार में अधिकतम दो ही करेक्शन हो पाएंगे, लेकिन आधार कार्ड को लेकर इसमें स्थिति स्पष्ट नहीं है। सर्टिफिकेट में गलत डाटा फीड कर कर्मचारी सरकार के टीकाकरण अभियान को पलीता लगा रहे हैं।
वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट में गलत विवरण अंकित करना बेहद गंभीर मामला है। अभी तक मुझे किसी की ओर से लिखित शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर वैक्सीनेशन सेंटर के प्रभारी से स्पष्टीकरण लिया जाएगा।
- डॉ. पीके सिन्हा, सीएमएस, सरकारी अस्पताल काशीपुर