डॉ.हरक सिंह रावत ने बताया कि प्रत्येक जिला मुख्यालय में 25 बेड और तहसील मुख्यालय में 15 बेड का आयुर्वेद अस्पताल स्थापित किया जाएगा। साथ ही ऋषिकेश, हरिद्वार, नैनीताल समेत चारधाम यात्रा मार्गों पर गढ़वाल मंडल विकास निगम के होटलों में पंचकर्मा व योग केंद्र स्थापित करने की घोषणा की। प्रदेश के दूरदराज क्षेत्रों में योग व वेलनेस के 100 सेंटर खोले जाएंगे। पहले चरण में 50 सेंटर बनाए जाएंगे। केरल के पंचकर्म की तर्ज पर उत्तराखंड में मर्म चिकित्सा पद्धति को बढ़ावा दिया जाएगा। जिससे देश विदेश के लोग मर्म चिकित्सा के लिए उत्तराखंड आएं।
स्वस्थ जीवन के लिए नियमित योग जरूरी : सीएम
आयुर्वेद विश्वविद्यालय हर्रावाला में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने योगाभ्यास किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि स्वस्थ जीवन के लिए नियमित योग करना जरूरी है। योग की वजह से उत्तराखंड की विश्व में अलग पहचान है। संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 21 जून को योग दिवस के रूप में मनाने की घोषणा की थी। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल का परिणाम था। योग शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूती प्रदान करता है। योग शरीर मन और आत्मा को जोड़ने वाला विज्ञान है।
सीएम ने कहा कि योग को देश दुनिया तक ले जाने में उत्तराखंड का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। आयुष एवं आयुष शिक्षा मंत्री डॉ.हरक सिंह रावत ने कहा कि उत्तराखंड का योग से काफी पुराना संबंध है। हिमालय में ऋषि-मुनियों द्वारा कंदराओं एवं गुफाओं में प्राचीन समय से योग किया जाता था। उत्तराखंड की भूमि से निकलकर योग देश और दुनिया तक फैल चुका है।