इस आयु वर्ग के लोगों की सड़क हादसों में सबसे ज्यादा मौत
अगर आपकी उम्र 18 से 25 या 25 से 35 वर्ष के बीच है तो जरा संभलकर वाहन चलाएं। परिवहन विभाग के आंकड़ों इस बात की गवाही दे रहे हैं कि इस आयु वर्ग के लोगों की सड़क हादसों में सबसे ज्यादा मौत हुई है। विभाग अब अपने जागरुकता अभियान को और बढ़ाएगा।
परिवहन विभाग की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, एक साल में हुए सड़क हादसों ने प्रदेश में 867 लोगों की जान ली। इनमें 131 महिलाएं और 736 पुरुष शामिल हैं। 18 वर्ष से कम आयु के 54 युवाओं की मौत हुई, जिनमें 18 महिला और 36 पुरुष शामिल हैं। 18 से 25 वर्ष आयु वर्ग के 157 लोगों की मृत्यु हुई। इसमें 14 महिलाएं और 143 पुरुष शामिल हैं।
इसी प्रकार, 25 से 35 आयु वर्ग में 259 लोगों की मौत हुई। इनमें 40 पुरुष और 219 महिलाएं शामिल हैं। अगर घायलों की बात करें तो सालभर में 1457 लोग सड़क हादसों में घायल हुए। इनमें 340 महिलाएं और 1117 पुरुष शामिल हैं। 18 वर्ष से कम आयु वर्ग के 166 युवक घायल हुए। 18 से 25 वर्ष आयु वर्ग के 311 घायल हुए, जिनमें 67 महिला और 244 पुरुष शामिल हैं।
25 से 35 आयु वर्ग के 337 घायल हुए, जिनमें 83 महिलाएं और 254 पुरुष शामिल हैं। परिवहन विभाग के मुताबिक, वाहन खरीदते समय बेहद एहतियात बरतने की जरूरत है। विभाग भी अपने जागरुकता अभियान का दायरा इस दिशा में और बढ़ाएगा।
लोग अपने बच्चों को उनकी आयु के हिसाब से भारी वाहन खरीदवा देते हैं। इस वजह से हादसों को बढ़ावा मिलता है। वाहनों का चयन उम्र के हिसाब से किया जाना चाहिए। 60 वर्ष से अधिक आयु या 18 वर्ष के युवा को अगर भारी वाहन दिया जाएगा, तो निश्चित तौर पर हादसे की आशंका अधिक होगी। विभाग इस दिशा में जागरुकता अभियान को बढ़ाएगा।
- सुधांशु गर्ग, उप परिवहन आयुक्त एवं नोडल अधिकारी, सड़क सुरक्षा