चारधामों में एक दिन में आने वाले श्रद्धालुओं की क्षमता के आधार पर यात्रा को सीमित संख्या में संचालित करने का प्रस्ताव देवस्थानम बोर्ड ने दिया है। साथ ही श्रद्धालुओं के लिए ई-पास के माध्यम से यात्रा की अनुमति दी जाएगी।
बीते वर्ष की तर्ज पर चारधाम यात्रा को संचालित करने की तैयारी की गई है। बोर्ड की ओर से प्रस्ताव भेजा गया है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में बैठक होनी है। स्वास्थ्य और आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से जिस तरह की अनुमति मिलेगी। उसी आधार पर यात्रा का संचालन किया जाएगा।
- रविनाथ रमन, सीईओ, चारधाम देवस्थानम बोर्ड
पिछले साल एक जुलाई से शुरू हुई थी यात्रा
कोरोना की पहली लहर में लॉकडाउन के चलते चारधाम यात्रा एक जुलागई से शुरू हुई थी। सरकार ने सबसे पहले स्थानीय लोगों को दर्शन की अनुमति दी। इसके बाद राज्यों के लोगों के लिए यात्रा खोली गई। 25 जुलाई से प्रदेश के बाहर के लोगों को आरटीपीसीआर की निगेटिव जांच रिपोर्ट और पंजीकरण के साथ यात्रा में आने की अनुमति दी गई। बीते वर्ष 3.30 लाख श्रद्धालुओं ने कोरोना संक्रमण के बीच दर्शन किए।