केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय की ओर से कराए गए स्वच्छता सर्वे में उत्तराखंड अन्य हिमालयी राज्यों में सबसे पिछड़ गया। बृहस्पतिवार को जारी सर्वे रिपोर्ट के अनुसार, पड़ोसी राज्य हिमाचल प्रदेश, सिक्किम, जम्मू-कश्मीर और अरुणाचल प्रदेश समेत अन्य हिमालयी राज्यों के शहरों और राजधानियों की स्थिति उत्तराखंड के शहरों के मुकाबले काफी अच्छी है। देश के 28 राज्यों में कराए गए सर्वे में उत्तराखंड को 27वां स्थान मिला है।
पर्वतीय राज्यों हिमाचल प्रदेश, सिक्किम, जम्मू कश्मीर, मिजोरम, मणिपुर, असम, नगालैंड और अरुणाचल प्रदेश की राजधानी को स्वच्छता सर्वे में शामिल किया गया था। लेकिन रिपोर्ट में सभी राज्यों की राजधानियों ने देहरादून को आइना दिखा दिया है।
रिपोर्ट के मुताबिक, सिक्किम की राजधानी गंगटोक 50वेें, जम्मू-कश्मीर का लेह 100वें, मिजोरम की राजधानी आइजॉल 105वें, मणिपुर की राजधानी इंफाल 122वें, असम की राजधानी गुवाहाटी 134वें, नागालैंड की राजधानी कोहिमा 161वें और अरुणाचल की राजधानी ईटानगर 216वें स्थान पर है।
जबकि, स्वच्छता सर्वे रिपोर्ट में उत्तराखंड की राजधानी देहरादून को 316वां स्थान मिला है। उत्तराखंड के किसी भी शहर की इन हिमालयी राज्यों के शहरों से अच्छी रैंक नहीं है। हालांकि, रिपोर्ट के अनुसार राज्य का सबसे साफ शहर रुड़की जरूर ईटानगर के साथ संयुक्त रूप से 216वें स्थान पर है।
वर्ष 2015 और 2016 के स्वच्छता सर्वे में भी उत्तराखंड की स्थिति ठीक नहीं थी। 2015 में देहरादून को 360वां और 2016 में 73 शहरों में 61वां स्थान मिला था। सर्वे रिपोर्ट मेें देहरादून को ‘स्लो मूवर सिटी’ का दर्जा दिया गया था।
पिछली सरकारों ने नगर निकायों की घोर उपेक्षा की और पर्याप्त बजट नहीं मुहैया कराया गया। ऐसे में शहरों को साफ-सुथरा बनाने में परेशानी हुई। लेकिन अब सरकार ने इस ओर ध्यान दिया है। हाल ही में नगर निकायों के सालाना बजट में बढ़ोतरी की गई है। आने वाले समय में देहरादून की स्थिति में आमूलचूल परिवर्तन दिखाई देगा।
-मदन कौशिक, शहरी विकास मंत्री