उत्तराखंड में सरकारी के साथ सभी निजी मेडिकल कॉलेज और विश्वविद्यालयों में एमबीबीएस, डेंटल, एमडी, एमएस की सीटों पर राज्य सरकार ही दाखिले करेगी। सेंट्रलाइज काउंसिलिंग के माध्यम से यह एडमिशन किए जाएंगे। हाल ही में आए सुप्रीम कोर्ट के एक आदेश के अनुक्रम में शासन ने शुक्रवार को इसका शासनादेश जारी कर दिया।
सचिव चिकित्सा शिक्षा डी सेंथिल पांडियन की ओर से जारी आदेश के मुताबिक प्रदेश के सभी मेडिकल कॉलेज और विवि में मेडिकल की यूजी और पीजी सीटों पर केवल राज्य सरकार की ओर से आयोजित सेंट्रलाइज काउंसिलिंग के माध्यम से दाखिले दिए जाएंगे। सत्र 2016-17 में कई कॉलेजों और एक विवि ने अपने स्तर पर काउंसिलिंग करा ली थी।
शासनादेश में साफ कर दिया गया है कि एमबीबीएस और पीजी की सीटों पर दाखिलों का आधार नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट(नीट) परीक्षा होगी। इस परीक्षा के स्कोर के आधार पर चिकित्सा शिक्षा विभाग सेंट्रलाइज काउंसिलिंग से सीटें भरेगा। बीते सत्र में कुछ कॉलेजों और विवि को सरकार ने अपने स्तर पर एडमिशन की छूट दे दी थी लेकिन इस बार सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के तहत किसी को मौका नहीं दिया जाएगा।
यहां मिलेगा सेंट्रलाइज काउंसिलिंग से दाखिला
राजकीय दून मेडिकल कॉलेज, देहरादून
वीर चंद्र सिंह गढ़वाली मेडिकल कॉलेज, श्रीनगर
राजकीय मेडिकल कॉलेज, हल्द्वानी
एसजीआरआर मेडिकल कॉलेज, देहरादून
हिमालयन मेडिकल इंस्टीट्यूट, जौलीग्रांट
सुभारती मेडिकल कॉलेज, प्रेमनगर, देहरादून
उत्तरांचल डेंटल कॉलेज, देहरादून
सीमा डेंटल कॉलेज, ऋषिकेश
प्रदेश में राजकीय मेडिकल कॉलेज देहरादून, श्रीनगर, हल्द्वानी के अलावा एसजीआरआर मेडिकल कॉलेज, सुभारती मेडिकल कॉलेज और हिमालयन मेडिकल इंस्टीट्यूट जौलीग्रांट में यूजी और पीजी की सीटें सेंट्रलाइज काउंसिलिंग से भरी जाएंगी। आदेश की जानकारी सभी प्राचार्यों, निदेशकों को भेज दी गई है।
- डॉ. आशुतोष सयाना, निदेशक, चिकित्सा शिक्षा