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उत्तराखंडः BJP ने जारी किया सरकार का रिपोर्ट कार्ड

Sun, 15 Mar 2015 03:10 PM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
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भाजपा ने उत्तराखंड सरकार के तीन वर्ष के कार्यकाल को पूरी तरह से फेल करार दिया है।
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भाजपा प्रदेश अध्यक्ष तीरथ सिंह रावत ने कहा कि बदहाल कानून व्यवस्था और अवैध खनन को रोकने में नाकाम सरकार जनकल्याण योजनाओं का बजट तक खर्च नहीं कर पाई है।

सरकार ने ट्रांसफर नीति को उद्योग बना दिया जबकि पर्वतीय क्षेत्रों में अस्पताल बिना डाक्टर के हैं जबकि स्कूल बिना मास्टर के हैं।

प्रदेश अध्यक्ष ने ऐलान किया कि सरकार के पुनर्निर्माण का हाल चारधाम यात्रा से पहले पार्टी पदयात्रा कर धामों में हुए निर्माण कार्य का जायजा लेगी। भाजपा प्रदेश कार्यालय में प्रदेश अध्यक्ष की पत्रकार वार्ता में उन्होंने कई पन्नों का दस्तावेज जारी किया।
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लचर कानून व्यवस्था
38 बड़े मामलों का जिक्र भाजपा ने किया है, जिसमें फेरुपुर में बच्ची के साथ दुष्कर्म, नकरौंदा में कृषि अधिकारी के घर डकैती, चकरौता क्षेत्र में एक पर्यटक जोड़े की हत्या सहित काई बड़ी लूट की वारदातें शामिल हैं। भाजपा के मुताबिक हरिद्वार ऊधमसिंह नगर और देहरादून में वर्ष 2011 के मुकाबले पचास फीसद अपराध और बढ़ा है।

भू माफियाओं के बुलंद हौंसले
सरकारी भूमि पर अवैध कब्जों के आधा दर्जन मामले भाजपा ने गिनाए हैं। इसमें पैसिफिक हिल्स अपार्टमेंट, हरिद्वार में हीरो मोटे कार्प कंपनी को पुराने सर्किल रेट पर 214 एकड़ भूमि देने, पंतनगर में सिडकुल की जमीन को सस्ती दरों पर सुपरटैक कंपनी को देने, हरिद्वार में सिडकुल की जमीन को एक बिल्डर कंपनी को आधे दरों पर भूमि देने के मामले शामिल हैं।
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अवैध खनन
भाजपा ने प्रदेश सरकार की शय पर अवैध खनन चलाने का आरोप जड़ा है, जिसमें 23 मामले चिन्हीत किये हैं। इसमें खनन माफिया के पुलिस और अधिकारियों पर जानलेवा हमले शामिल हैं।

जन कल्याण एवं विकास योजनाओं पर
- 13 वें वित्त आयोग का पैसा खर्च नहीं कर पाने का आरोप
- राष्ट्रीय ग्रामी पेयजल कार्यक्रम में 145 करोड़ का खर्च नहीं होना
- सीएम कार्यालय से 8896 मामलों के निस्तारण आदेश पर 346 का समाधान
- आपदा मेंपूरे देश में किरकिरी के बाद भी पुनर्निर्माण का रोडमैप नहीं दिया
- कई स्थानों पर अभी तक पुलों का निर्माण नहीं, ट्रलियां से हो रही नदियां पार
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