फोन पर हुई बातचीत में गुरजीत ने बताया कि इससे पहले उनका चयन फरवरी में जर्मनी की एक कंपनी में हुआ था लेकिन वह नहीं गए। गुरजीत के दादा गुरदयाल सिंह स्वतंत्रता संग्राम सेनानी हैं। बड़ी बहन सुरेंद्र कौर अल्मोड़ा जिले के सरकारी स्कूल में प्रवक्ता हैं।
छोटा भाई रुड़की आईआईटी से एमबीए कर पुणे में स्टार्टअप का कार्य करता है। सितारगंज ब्लॉक क्षेत्र से पहली बार किसी होनहार के नासा के लिए चयन होने से क्षेत्र के लोग गौरवान्वित हैं। गुरजीत की इस कामयाबी पर उनके परिवार में हर्ष का माहौल है।
गुरजीत की कामयाबी से राज्य गौरवशाली : सौरभ
सिसैया निवासी गुरजीत सिंह के नासा में चयन होने पर विधायक सौरभ बहुगुणा ने उन्हें और उनके परिवार को बधाई दी है। विधायक ने कहा कि गुरजीत का नासा में चयन होना राज्य के लिए गौरव की बात है। क्षेत्र के युवाओं को गुरजीत सिंह से प्रेरणा लेनी चाहिए।