प्रदेश के दो लाख से अधिक वरिष्ठ नागरिकों (80 वर्ष से अधिक) और दिव्यांगों को इस बार विधानसभा चुनाव में पोस्टल बैलेट की सुविधा दी जाएगी। वहीं, अति आवश्यक सेवा से जुड़े लोगों को भी पोस्टल बैलेट की सुविधा देने की कवायद जारी है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी सौजन्या ने बताया कि प्रदेश में 80 से अधिक आयु वर्ग के कुल एक लाख 58 हजार 742 मतदाता हैं, जिनमें 68 हजार 428 पुरुष, 90 हजार 312 महिला और दो अन्य श्रेणी के मतदाता हैं। इसी प्रकार, 40 प्रतिशत से अधिक बेंचमार्क वाले प्रदेश में 68 हजार 478 दिव्यांग मतदाता हैं। इनमें 43 हजार 672 पुरुष और 24 हजार 805 महिला मतदाता हैं। एक अन्य की श्रेणी में है। उन्होंने बताया कि इन सभी को पोस्टल बैलेट की सुविधा दी जाएगी। इसके साथ ही विभाग की ओर से अति आवश्यक सेवाओं से जुड़े मतदाताओं के लिए भी पोस्टल बैलेट सुविधा देने के लिए मुख्य चुनाव आयुक्त कार्यालय को पत्र भेजा गया है। कोविड पीड़ित और कोविड संदिग्धों के लिए पहले ही पोस्टल बैलेट का विकल्प दे दिया गया है।
दिव्यांगों, गर्भवतियों को डोली की सुविधा
सल्ट विधानसभा उप चुनाव में प्रयोग सफल होने के बाद कई क्षेत्रों में गर्भवती महिलाओं और दिव्यांगों को पोलिंग बूथ तक लाने के लिए डोली की सुविधा भी दी जाएगी। मुख्य निर्वाचन अधिकारी सौजन्या के मुताबिक, इसके लिए भी पहले से ही इंतजाम कर दिया जाएगा।
ऐसे मिलेगी पोस्टल बैलेट की सुविधा
पोस्टल बैलेट की सुविधा का लाभ लेने के लिए फॉर्म 12-डी भरना होगा। यह फॉर्म बीएलओ की ओर से संबंधित मतदाता को उपलब्ध कराते हुए इसकी पावती लेनी होगी। बीएलओ अपने बूथ के क्षेत्र की सभी पावतियों को आरओ को उपलब्ध कराएंगे। अगर कोई निर्वाचक उपलब्ध नहीं है तो अधिसूचना के पांच दिन के भीतर बीएलओ को वहां से दोबारा जाकर पावती लेनी होगी। इसके बाद अधिसूचना के पांच दिन के भीतर ही बीएलओ को भरा हुआ फॉर्म 12-डी एकत्र करके आरओ तक पहुंचाना होगा। इनकी एक सूची तैयार होगी। यह सूची राजनीतिक दलों को भी उपलब्ध कराई जाएंगी। इस आधार पर ही पोस्टल बैलेट डलवाया जाएगा।