कहा कि खुद मुख्यमंत्री धामी कई बार तैयारियों को जायजा लेने परेड ग्राउंड पहुंचे। लेकिन पूरी पार्टी और सरकार मिलकर भी बताए हुए आंकड़े की 10 प्रतिशत भीड़ नहीं जुटा पाई है। पीएम के भाषण के बीच उठकर जाती हुई भीड़ ने ये साफ कर दिया कि उत्तराखंड की जनता ने भाजपा की विदाई का मन बना लिया है।
पूर्व में किया गया एक भी वादा पूरा नहीं हुआ
कोठियाल ने कहा कि जो भाषण पीएम ने पांच साल पहले दिया था, वैसा ही भाषण फिर से सुनाया है। पूर्व में किया गया एक भी वादा पूरा नहीं हुआ है। पांच साल में प्रदेश में सरकार ने कोई विकास नहीं किया। उत्तराखंड को सिर्फ मुख्यमंत्री बदलने की फैक्टरी बना दिया। प्रदेश में बेरोजगारी का ग्राफ छह गुना से ज्यादा बढ़ चुका है।
मोदी पहाड़ की जवानी और पानी पहाड़ के काम आने की बात कर रहे हैं। वहीं, पांच साल में उत्तराखंड को एक लाख करोड़ रुपये की योजनाएं देने का दावा कर रहे हैं। आप ने चुनौती दी कि प्रदेश की जनता को एक-एक रुपये का हिसाब दें। एक-एक परियोजना का नाम बता श्वेत पत्र जारी करें। उन्होनें कहा कि पीएम सूरत और सीरत बदलने की बात करते हैं, लेकिन भाजपा की नीयत आज भी जस की तस है।
आप की मुफ्त तीर्थ यात्रा में 51 हजार ने कराया पंजीकरण
आम आदमी पार्टी की मुफ्त तीर्थ यात्रा गारंटी में 51 हजार लोगों का पंजीकरण कराया गया। आप का कहना है कि केजरीवाल की इस गारंटी को घर-घर पहुंचाने के लिए पार्टी की ओर से अभियान चलाया गया। जिसमें 70 विधानसभा क्षेत्रों में कार्यकर्ताओं ने मुफ्त तीर्थ यात्रा के टिकट वितरित किए।
आप प्रवक्ता उमा सिसोदिया ने जारी बयान में कहा कि प्रदेश में घर-घर जाकर मुफ्त तीर्थ यात्रा योजना के टिकट वितरण अभियान को लोगों का जबरदस्त समर्थन मिल रहा है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने अपने हरिद्वार दौरे पर अपनी तीसरी गारंटी में घोषणा करते हुए बताया था कि आप की सरकार बनते ही उत्तराखंड के लोगों को अयोध्या में रामलला के दर्शन करवाने के साथ ही देश और उत्तराखंड के प्रमुख तीर्थ स्थलों के निशुल्क दशन करवाए जाएंगे। जिसका पूरा खर्चा राज्य सरकार वजह करेगी।
उन्होंने बताया कि इस योजना से अब हर व्यक्ति जो तीर्थ स्थलों के दर्शन करना चाहते हैं उनका सपना आप की सरकार बनते ही पूरा हो पाएगा। योजना के तहत अजमेर शरीफ और करतारपुर साहिब भी शामिल हैं। पूरे प्रदेश की 70 विधानसभा क्षेत्रों में 10 दिन चले इस अभियान के तहत लगभग 824 जनसभाएं की गई। सभी प्रमुख मंदिरों के पुजारियों को जहां मुफ्त तीर्थ यात्रा के टिकट वितरित किए गए। 51427 लोगों ने टिकट के अतिरिक्त इस योजना से जुड़कर अपना पंजीकरण करवाया है।