प्रभारी मंत्रियों की व्यस्तता भी वजह
भाजपा संगठन से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, 10 फरवरी तक प्रदेश सरकार के सभी प्रभारी मंत्रियों को अपने-अपने जिलों में केंद्रीय बजट की खूबियां बताने के लिए प्रेस कांफ्रेंस करनी है। इसके अलावा संगठन को 10 फरवरी तक सभी जिला कार्य समितियों की बैठकें करनी हैं। इन बैठकों में प्रभारी मंत्रियों को भी शामिल होना है। मंत्रियों की व्यस्तता भी बैठक स्थगित होने की वजह बताई जा रही है।
महत्वपूर्ण प्रस्ताव आएंगे
मुद्दों के लिहाज से फरवरी में होने वाली प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। इस बैठक में नकल रोकने का अध्यादेश भी लाया जाएगा। इसके अलावा राज्य आंदोलनकारियों के लिए 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण को लेकर मंत्रिमंडलीय उपसमिति की रिपोर्ट पर भी कैबिनेट निर्णय लेगी। जमीन के सर्किल रेट के प्रस्ताव पर भी मुहर लगेगी। नई पर्यटन नीति समेत कई अन्य प्रस्तावों पर कैबिनेट में चर्चा होनी है।