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उत्तराखंड विधान सभा बजट सत्र का पहला दिन हंगामेदार, मंगलवार सुबह 11 बजे तक स्थगित

Mon, 11 Feb 2019 11:12 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून
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सदन में जाते राज्यपाल, मुख्यमंत्री और वित्तमंत्री - फोटो : अमर उजाला
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सोमवार को उत्तराखंड विधानसभा बजट सत्र की शुरुआत हंगामेदार रही। हरिद्वार जिले में हुए जहरीली शराब कांड को लेकर विपक्ष ने हंगामा कर दिया। सत्र शुरू होते ही राज्यपाल बेबीरानी मौर्य ने अभिभाषण पढ़ा, लेकिन इस दौरान सदन में विपक्ष ने शराब कांड को लेकर हंगामा कर दिया। विपक्ष के विधायकों ने हाथों में नारे लिखी तख्तियां उठाई। वहीं नेता प्रतिपक्ष इंदिरा हृदयेश ने सवाल उठाया कि 11 बजे पहले राज्यपाल का अभिभाषण कैसे शुरू हुआ। राज्यपाल का अभिभाषण करीब 10.55 पर शुरू हुआ था। उन्होंने सदन की परंपरा तोड़ने का आरोप लगाया। वहीं जहरीली शराब कांड पर विपक्ष ने आबकारी मंत्री के इस्तीफे की मांग भी की। हंगामा करते हुए सरकार को बर्खास्त करने की मांग कर डाली। जिसके बाद राज्यपाल के अभिभाषण का बहिष्कार कर विपक्ष ने वॉकआउट कर दिया और कांग्रेसी विधायक धरने पर बैठ गए।  हंगामे के बीच ही राज्यपाल ने अपना अभिभाषण पूरा किया। इसके बाद अध्यक्ष ने तीन बजे तक सदन को स्थगित कर दिया। 

इसके बाद सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने मीडिया को बताया कि जहरीली शराब कांड जैसे मामलों की जांच के लिए सरकार एक सख्त विधेयक लाएगी। वहीं इसके लिए एक आयोग का गठन भी किया जाएगा। हरिद्वार में हुई घटना की तह तक जाकर जांच की जाएगी। इसके लिए आईजी रैंक के अधिकारी की अध्यक्षता में एसआईटी गठित की जा रही है। मामले में मजिस्ट्रियल जांच के आदेश पहले ही दिए जा चुके हैं। कहा कि उत्तराखंड व उत्तरप्रदेश पुलिस की संयुक्त कमेटी बनाई गई है। हरिद्वार और सहरानपुर के एसएसपी इस पूरे मामले का खुलासा कर चुके हैं कि शराब किनके द्वारा बनाई गई, कहां बनाई गई व किसके द्वारा बेची गई। हमारा प्रयास है कि इस मामले में संलिप्त सभी लोगों तक पहुंचा जाए। तीन बजे बाद एक बार फिर सदन की कार्यवाही शुरू हुई। लेकिन विपक्ष अपनी बात पर अड़ा रहा। जिसके बाद विधानसभा सदन मंगलवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।

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राज्यपाल बेबी रानी मौर्य का पहली बार सदन में अभिभाषण

विधानसभा का बजट सत्र सोमवार को शुरू हो गया। सोमवार को बजट सत्र के पहले दिन राज्यपाल बेबी रानी मौर्य राज्यपाल बनने के बाद पहली बार सदन में अभिभाषण किया। पहली बार अभिभाषण के लिए विधानसभा पहुंची राज्यपाल बेबी रानी मोर्या को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। त्रिवेंद्र सरकार का बजट 14 की जगह अब 15 फरवरी को सदन के पटल पर रखा जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रुद्रपुर में प्रस्तावित रैली को देखते हुए 14 फरवरी को सदन नहीं चलेगा। कार्यमंत्रणा समिति ने रविवार को 11 से 15 फरवरी तक के कार्यक्रमों पर मुहर लगा दी थी। विधानसभा अध्यक्ष प्रेम चंद्र अग्रवाल ने रविवार को सत्र की तैयारियों की समीक्षा की। सर्वदलीय बैठक में उन्होंने व्यवस्थित और शांतिपूर्ण तरीके से सदन के संचालन के लिए सभी का सहयोग मांगा। जिस पर सभी प्रतिनिधियों ने सहयोग का भरोसा दिलाया।
 
15 फरवरी को इस वित्तीय वर्ष का बजट सदन में पेश किया जाएगा। कार्य मंत्रणा समिति की बैठक में विधान सभा उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह चौहान, संसदीय कार्य मंत्री प्रकाश पंत, नेता प्रतिपक्ष डॉ.इंदिरा हृदयेश, गोविंद सिंह कुंजवाल, प्रीतम सिंह मौजूद थे।

आर्थिक तौर पर पिछडे़ सामान्य वर्ग के लोगों के लिए 10 फीसदी आरक्षण का विधेयक बजट सत्र में लाया जाएगा। संसदीय कार्यमंत्री प्रकाश पंत के अनुसार, सदन के पटल पर पांच विधेयक रखे जाएंगे। ये विधेयक हैं, उत्तराखंड अधीनस्थ चयन आयोग धारा-3(ख) संशोधित विधेयक 2019, हिमालयीय विश्वविद्यालय विधेयक 2019, आर्थिक रूप से पिछडे़ वर्गों के लिए 10 फीसदी आरक्षण संबंधी विधेयक 2019, सोसायटी रजिस्टीकरण (उत्तराखंड संशोधन) विधेयक 2019 और भारतीय भागीदारी (उत्तराखंड संशोधन)विधेयक 2019।
 
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