फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UCC: उत्तराखंड में जनवरी 2025 से लागू होगा यूनिफॉर्म सिविल कोड, मुख्यमंत्री धामी बोले-सभी तैयारियां पूरी

Thu, 19 Dec 2024 03:48 PM IST
रेनू सकलानी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून

सार

Uniform Civil Code: मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड में जनवरी 2025 से यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू हो जाएगा। कहा कि समान नागरिक संहिता लागू करने के लिए एक पोर्टल और मोबाइल एप भी तैयार किया गया है, जिससे कि पंजीकरण, अपील आदि की समस्त सुविधाएं ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही हैं।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड में जनवरी 2025 से समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू करने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि यूसीसी लागू करने की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। इस तरह उत्तराखंड आजादी के बाद यूसीसी लागू करने वाला प्रदेश बन जाएगा।

विज्ञापन




मुख्यमंत्री ने यह बात बुधवार को राज्य सचिवालय में आयोजित उत्तराखंड निवेश और आधारिक संरचना विकास बोर्ड (यूआईआईडीबी) की बैठक के दौरान कही। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार अपने संकल्प के अनुसार समान नागरिक संहिता लागू करने की दिशा में होमवर्क पूरा कर चुकी है।

मार्च 2022 में प्रदेश में नई सरकार बनने के बाद मंत्रिमंडल की पहली बैठक में ही प्रदेश में समान नागरिक संहिता लागू करने के लिए एक विशेषज्ञ समिति गठित करने का निर्णय लिया गया था। इस क्रम में सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय विशेषज्ञ समिति बनाई गई थी। समिति की रिपोर्ट के आधार पर सात फरवरी 2024 को राज्य विधानसभा से समान नागरिक संहिता विधेयक 2024 पारित किया गया। इस विधेयक पर राष्ट्रपति की सहमति मिलने के बाद 12 मार्च 2024 को इसकी अधिसूचना जारी की गई।
विज्ञापन


ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही सुविधाएं
इसी क्रम में अब समान नागरिक संहिता उत्तराखंड 2024 अधिनियम की नियमावली भी तैयार कर ली गई है। तरह उत्तराखंड अब जनवरी से समान नागरिक संहिता लागू करने के लिए पूरी तरह तैयार है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि संहिता के प्रावधान लागू करने के लिए कर्मचारियों का समुचित प्रशिक्षण देने के साथ ही सभी तरह की आधारभूत सुविधाएं जुटा ली जाएं।

इसके साथ ही अधिक से अधिक सेवाओं को ऑनलाइन रखते हुए जनसामान्य की सुविधा का ख्याल रखा जाए। उन्होंने कहा कि जन सामान्य की सुलभता के दृष्टिगत समान नागरिक संहिता लागू करने के लिए एक पोर्टल तथा मोबाइल एप भी तैयार किया गया है। इससे पंजीकरण, अपील आदि की सभी सुविधाएं ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही है।

ये भी पढ़ें...Dehradun:  राजभवन कूच करने पहुंचे कांग्रेसी, पुलिस ने बैरिकेडिंग कर रोका, झड़प के दौरान बेहश हुए करन माहरा
विज्ञापन


उत्तराखंड का समान नागरिक संहिता कानून, सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास की मूल भावना पर चलते हुए समाज को नई दिशा देगा। यह कानून विशेषकर देवभूमि की महिलाओं और बच्चों के सशक्तिकरण के नए द्वार खोलेगा। - पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री उत्तराखंड

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें