सरकारी कर्मचारियों के तबादलों की बुधवार (14 अगस्त) आखिरी तारीख है। तीन बार समय बढ़ाने के बाद भी तबादलों का का काम पूरा होता नहीं दिखता।
अगर चौथी बार तारीख नहीं बढ़ी तो आज के बाद इस साल तबादले नहीं हो पाएंगे। कई महकमों के तबादलों की फाइलें मुख्यमंत्री और मंत्रियों के पास पड़ी हैं लेकिन सूची जारी नहीं हो सकी।
कुछ विभागों ने जरूरत भर के तबादले कर दिए और कुछ ने बड़ी संख्या में अफसरों को पत्तों की तरह फेंटा। शिक्षा विभाग में शिक्षकों के तबादले नहीं होंगे। क्योंकि विभाग नए सिरे से शिक्षकों का ट्रांसफर एक्ट तैयार हो रहा है।
इन विभागों में होने हैं तबादले
सिविल सर्विस बोर्ड की बैठक में तय हुए भारतीय वन सेवा के अफसरों के तबादलों की सूची लगभग बीस दिन पहले मुख्यमंत्री हरीश रावत के पास के पास गई थी लेकिन अभी तक अनुमोदन नहीं मिल सका।
चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के अफसरों और चिकित्सकों की तबादला सूची भी स्वास्थ्य मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी के पास अनुमोदन के लिए लंबित है।
इसके अलावा पशुपालन विभाग के अफसरों की सूची विभागीय मंत्री प्रीतम सिंह पंवार के पास पड़ी है। पीडब्लूडी में तबादलों को कई बार संशोधित किया जा चुका है लेकिन अभी तक तबादला सूची जारी नहीं हुई।
पदोन्नति पाने वाले डॉक्टरों के तबादलों पर पेच
टैक्स अफसरों की सूची भी कई बार ऊपर नीचे हो चुकी लेकिन अब शायद आखिरी दिन गुरुवार को जारी हो। स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभाग के अफसरों की सूची भी गुरुवार को ही आएगी। खाद्य आपूर्ति विभाग के तबादले हो चुके हैं।
शिक्षकों के तबादले रोक दिए गए हैं। अपर मुख्य सचिव एस राजू ने कहा कि शिक्षकों के तबादले ट्रांसफर एक्ट के बाद ही होंगे। लेकिन प्रधानाचार्यों की सूची क्यों रुकी है इसका जवाब किसी के पास नहीं।
हालांकि आज दर्जन भर जिला व ब्लॉक स्तर के शिक्षा अधिकारियों के तबादले कर दिए गए हैं।
स्वास्थ्य विभाग में पदोन्नति पाने वाले चिकित्सकों के तबादलों पर पेच फंसा है, जिससे गुरुवार को भी मुहर लगती नहीं दिख रही है। पैरामेडिकल स्टाफ के तबादलों की सूची जारी नहीं हो सकती है।
तबादलों की सूची जारी होने की संभावना
विभाग में ग्रेड वन पर पदोन्नत हुए 82 चिकित्सकों और 77 संयुक्त निदेशकों की तबादला सूची के अलावा अनुरोध के आए प्रतिवेदनों का निस्तारण अभी तक नहीं हुआ है।
शासन स्तर पर ग्रेड वन और संयुक्त निदेशकों की सूची विचाराधीन है। संयुक्त निदेशक की पदोन्नति प्रक्रिया में तकनीकी पेंच होने के चलते उसके लिए न्याय और कार्मिक विभाग की राय मांगी गई है।
हालांकि ग्रेड वन के चिकित्सकों की सूची दस दिन से विचाराधीन है। विभाग ने अभी तक पदोन्नत हुए 12 सीनियर मेडिकल अफसरों के तबादले किए हैं।
पदोन्नति पाने वाले चिकित्सकों के अलावा विभाग लगभग एक दर्जन चिकित्सकों के तबादले करेगा जिन्होंने अनुरोध के आधार पर अपना प्रतिवेदन महानिदेशालय को दिया है। इसके अलावा पैरामेडिकल स्टाफ के तबादलों की सूची गुरुवार को जारी होने की संभावना है।