जिस बाघ ने तीन दिन पूर्व कार्बेट टाइगर रिजर्व में एक व्यक्ति को मारा था वह बेहद शातिर निकला।
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उसे पकड़ने के लिए जंगलात ने जो जाल बिछाया था उसे बाघ ने ठेंगा दिखा दिया। वह पिंजरे के ऊपर पहले तो खूब कूदा और फिर उसके ढक्कन को तोड़कर 50 मीटर दूर तक घसीटते हुए ले गया।
घटनास्थल के पास लगे कैमरा ट्रैप में उसकी यह खुराफाती हरकतें कैद हुई हैं। हैरत की बात यह है कि इस एरिया में बाघ-बाघिन के अपने शावकों के साथ होने के भी प्रमाण मिले हैं।
तीन पहले एक आदमी बनाया था निवाला
तीन दिन पूर्व कार्बेट टाइगर रिजर्व (सीटीआर) के सर्पदुली रेंज में बाघ ने गर्जिया निवासी ग्रामीण कृपाल राम को उस वक्त मार दिया था जब वह दिन में जंगल बकरियां चराने गया था।
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गर्जिया और ढिकुली के ग्रामीणों में दहशत फैली तो वन विभाग ने टाइगर को पकड़ने के लिए पिंजरा और चार कैमरा ट्रैप घटनास्थल के आसपास लगा दिए।
दो दिन तक संबंधित क्षेत्र में हाथियों से गश्त के दौरान सीटीआर कर्मियों को वहां बाघिन और शावकों के पदचिह्न मिले थे। तीसरे दिन कैमरे में बाघ ट्रैप हो गया। बुधवार रात बाघ ने पिंजरे के आसपास खूब उधम मचाया।
क्षेत्र में बाघ है अपने कुनबे के साथ
गुरुवार सुबह जब वनकर्मियों मौके कैमरा ट्रैप चेक किया तो उसमें बाघ की तस्वीर दिखी। वनकर्मियों की ओर से उच्चाधिकारियों को दी गई जानकारी के अनुसार फोटो में बाघ पहले पिंजरे के ऊपर कूदा है।
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फिर उसने ढक्कन तोड़कर अलग फेंका और पिंजरे को दूसरी तरफ गिरा दिया। इसके बाद वह पिंजरे को क्षतिग्रस्त कर रोड की तरफ लगभग 50 मीटर दूर घसीटते हुए ले गया है।
बाघ की लोकेशन पर पल-पल नजर
इससे यह अनुमान लगाया जा रहा है कि बाघ अपने कुनबे के साथ इस क्षेत्र में है। अब सीटीआर सांभर की आवाज से बाघ की लोकेशन पर पल-पल नजर रख रहा है।
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क्योंकि बाघ की आहट पर ही सांभर जोर-जोर से चिल्लाने लगता है। देर रात छिनालपुल के पास बाघ की लोकेशन मिली है।
सीटीआर निदेशक समीर सिन्हा ने बताया कि दुनिया में बाघों के सबसे ज्याद घनत्व वाला क्षेत्र सीटीआर है।
बाघ और बाघिन का एक ही क्षेत्र में होना नई बात नहीं है। कहा कि बाघ को जल्द ही पकड़ लिया जाएगा। बाघ की धींगामुश्ती से आसपास के गांवों के लोग अब बाहर निकलने में भी कतरा रहे हैं।